राजस्थान बीजेपी कोर कमेटी ने गहलोत सरकार को गिराने का प्रस्ताव पारित किया

राजस्थान बीजेपी कोर कमेटी ने गहलोत सरकार को गिराने का प्रस्ताव पारित किया
राजस्थान बीजेपी कोर कमेटी ने गहलोत सरकार को गिराने का प्रस्ताव पारित किया जयपुर, 23 जनवरी (आईएएनएस)। राजस्थान से अशोक गहलोत सरकार को उखाड़ फेंकने के लिए रविवार से शुरू हुई दो दिवसीय भाजपा राज्य कोर कमेटी की बैठक में सोमवार को एक प्रस्ताव पारित किया गया।

केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री कैलाश चौधरी ने पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए कहा कि प्रदेश में जंगलराज है। उन्होंने कहा- राजस्थान में कानून व्यवस्था पूरी तरह से फेल हो चुकी है। केंद्र सरकार जहां भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लिए जी तोड़ मेहनत कर रही है, वहीं गहलोत सरकार राजस्थान को बैक ट्रैक पर धकेलने का काम कर रही है। बार-बार पेपर लीक होने से युवा परेशान हैं।

चौधरी ने कहा कि प्रदेश कार्यसमिति की बैठक में निर्णय लिया गया है कि जनता से जुड़े मुद्दों को उठाया जायेगा और भाजपा सड़कों पर उतर कर कांग्रेस के खिलाफ प्रदर्शन करेगी। विधायक वासुदेव देवनानी ने कहा, राज्य में लाचार मुख्यमंत्री का शासन चल रहा है। प्रशासन ठप है, 1 लाख से अधिक शिक्षकों के पद खाली हैं। सरकार तुष्टिकरण की नीति पर काम कर रही है। धर्मांतरण के मुद्दे सामने आ रहे हैं। समुदाय विशेष के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई जिससे जनता में रोष है।

उन्होंने राज्य सरकार से किए गए वादों के क्रियान्वयन पर श्वेत पत्र जारी करने का आह्वान किया ताकि तथ्य सामने आएं। उन्होंने आगे कहा कि जब तक राजस्थान में डबल इंजन की सरकार नहीं बन जाती, तब तक वह चुप नहीं बैठेंगे। ऐसे में राजस्थान में नवंबर से पहले भी चुनाव हो सकते हैं।

बैठक में कार्यसमिति ने पेपर लीक मामले में एसओजी के बजाय सीबीआई जांच की मांग उठाई। यह भी निर्णय लिया गया कि तुष्टीकरण की नीति, हिन्दू समुदाय पर अत्याचार, युवाओं को बेरोजगारी भत्ता देने का झूठा वादा, महिलाओं के प्रति बढ़ते अपराध, लचर कानून व्यवस्था जैसे मुद्दों को उठाया जाएगा ताकि राज्य सरकार की घटिया कार्यशैली से जनता को अवगत कराया जा सके।

कोर कमेटी की बैठक में पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया, राज्य प्रभारी अरुण सिंह सहित अन्य दिग्गजों ने भाग लिया। इससे पहले रविवार को प्रदेश पदाधिकारियों की बैठक में सोमवार से शुरू हुए विधानसभा सत्र के दौरान सरकार का घेराव करने की रणनीति बनाई गई।

साथ ही नेताओं ने गुटबाजी खत्म कर पार्टी को मजबूत करने की रणनीति पर मंथन किया। पदाधिकारियों की बैठक में पार्टी के बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने पर चर्चा हुई। जन आक्रोश अभियान की तर्ज पर अब जिला स्तर पर कांग्रेस का घेराव करने के लिए 15 फरवरी से 15 मार्च तक धरना व सभा करने का निर्णय लिया गया है।

--आईएएनएस

केसी/एएनएम

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