सपा से नाराजगी की चर्चा के बीच आजम के परिवार से मिले जयंत

सपा से नाराजगी की चर्चा के बीच आजम के परिवार से मिले जयंत
सपा से नाराजगी की चर्चा के बीच आजम के परिवार से मिले जयंत रामपुर, 20 अप्रैल (आईएएनएस)। सपा से नाराजगी की खबरों के बीच मोहम्मद आजम खां के परिवार से गठबंधन के सहयोगी रालोद प्रमुख जयंत चौधरी आज उनके बेटे अब्दुल्ला आजम और उनकी पत्नी तंजीम फतिमा से मिले।

जयंत ने मीडिया को बताया कि आजम खां के परिवार का प्रदेश सरकार उत्पीड़न कर रही है। सरकार बड़े पैमाने पर गैर संवैधानिक कार्य कर रही है। यही नहीं बिना कानूनी आधार के सीधे बुलडोजर चला रही है। माना जा रहा है कि जयंत चैधरी यहां मुलाकात के लिए सपा अध्यक्ष की ओर से ही भेजे गए थे लेकिन जयंत ने पत्रकारों से इस बात से इन्कार किया।

जयंत चैधरी की अब्दुल्ला आजम और डॉ. तजीन फात्मा से मुलाकात के बाद जब उनसे मुलाकात को लेकर बात की गई तो उन्होंने कहा कि काफी कुछ है जो आजम खां का परिवार सामना कर रहा है, मेरी जिम्मेदारी थी कि जब मैं रामपुर आया था तो उनसे मिलूं। मुलाकात के दौरान परिजनों ने उम्मीद जताई है कि जल्द आजम खां को जमानत मिल जाएगी।

इस दौरान परिजनों से जेल में आजम खां किस प्रकार समय गुजार रहे हैं इसको लेकर जानकारी ली। कहा कि वो जेल में बंद रहने के दौरान कोरोना की चपेट में भी आए और काफी मुश्किल समय काट रहे हैं। जयंत चैधरी ने कहा कि आजम खां के साथ उनके पारिवारिक संबंध है। इसी नाते वो उनके परिजनों से मिलने आए थे, और पहले से ही संपर्क में रहते हैं।

आजम खां के रालोद के शामिल में होने के सवाल पर कहा कि हमारी ऐसी कोई मंशा नहीं है। हम गठबंधन का धर्म निभा रहे हैं और हमने गठबंधन में चुनाव लड़ा है। जब परिणाम अच्छे नहीं आते तो ये चीजे होती हैं और लोग सवाल करते हैं। आगे रास्ता सकारात्मक ही निकलेगा।

जयंत और अब्दुल्ला के बीच समर्थकों की बयानों को लेकर भी चर्चा हुई, लेकिन परिवार के लोगों ने नाराजगी जताई या मान गए। इसे लेकर जयंत चौधरी कुछ नहीं बोले और न ही अब्दुल्ला ने कोई बात की।

जयंत ने आजम खां की पत्नी पूर्व सांसद डॉक्टर तजीन फात्मा से भी बात की। पिछले दिनों आजम के मीडिया प्रभारी फसाहत अली खां शानू ने अखिलेश यादव के खिलाफ बयानबाजी की थी। यह भी कहा था कि उन्हें अब हमारे कपड़ों से बदबू आती है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ठीक ही कह रहे थे कि अखिलेश यादव नहीं चाहते कि आजम खां जेल से बाहर आएं। उनके इस बयान के बाद आजम खां के दूसरे समर्थकों ने भी सपा मुखिया के खिलाफ बयानबाजी की।

गौरतलब हो कि यूपी विधानसभा चुनाव 2022 के समय समाजवादी पार्टी और राष्ट्रीय लोक दल का गठबंधन हुआ था। सपा मुखिया अखिलेश यादव और रालोद अध्यक्ष जयंत चौधरी ने साथ-साथ कई सभाएं की थीं।

--आईएएनएस

विकेटी/एएनएम

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