बिना रजिस्ट्रेशन और रिनीवल "फीस" के चल सकती हैं गाड़ियां,प्रदूषण के मद्देनजर सरकार कर रही प्रस्ताव तैयार 

Road transport
केंद्र सरकार द्वारा बैटरी से चलने वाले वाहनों के पंजीकरण प्रोत्साहित करने के लिए सरकार द्वारा आर्थिक मदद योजना लाई जा रही है बैटरी से चलने वाली गाड़ियों का रजिस्ट्रेशन करते समय जो फीस जमा होती है उसको  माफ करने का एक प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है ।

इसमें जनता की राय मांगी जा रही है और सरकार की कोशिश है कि पेट्रोल और डीजल  पर निर्भरता कम से कम की जाए और बैटरी से चलने वाले वाहनों को प्रोत्साहित किया जाए जिससे दूसरों पर भी लगाम लग सके कि पेट्रोल-डीजल या अन्य किसी भी ढंग से गाड़ियां चलने पर काफी सारा कार्बन डाइऑक्साइड और जहरीली गैसों का उत्सर्जन होता है इसके कारण हो सकता है पर्यावरण पर प्रभाव पड़ता है इसके लिए सरकार की ओर से चलने वाले वाहनों पर आते समय दिया जाता था उसको माफ कर दिया जाए।

केन्‍द्रीय मोटर वाहन नियम 1989 में संशोधन का भी प्रस्‍ताव

सडक परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने बैटरी चालित वाहनों को पंजीकरण प्रमाण पत्र जारी करने अथवा उन्‍हें नवीकृत करने और नये पंजीकरण चिन्‍ह को जारी करने में लगने वाली फीस को समाप्‍त करने के लिए केन्‍द्रीय मोटर वाहन नियम 1989 में संशोधन का भी प्रस्‍ताव किया है।


कोई भी व्यक्ति के बारे में अपने सु जाओ सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय को दे  सकता है। इस महीने की 25 तारीख तक इस मसौदा प्रस्‍ताव के बारे में अपने विचार सडक और परिवहन मंत्रालय के पास भेज सकते हैं।

Share this story