ओलंपिक पोडियम स्कीम में दीक्षा डागर और यश घंगास शामिल

ओलंपिक पोडियम स्कीम में दीक्षा डागर और यश घंगास शामिल
ओलंपिक पोडियम स्कीम में दीक्षा डागर और यश घंगास शामिल नई दिल्ली, 12 जनवरी (आईएएनएस)। हरियाणा की गोल्फर दीक्षा डागर और जुडोका यश घंगास को क्रमश: कोर और डेवलपमेंट ग्रुप में टारगेट ओलंपिक पोडियम स्कीम (टॉप्स) में शामिल किया गया है।

21 वर्षीय बायें हाथ की दीक्षा डागर पिछले साल ओलंपिक खेलों में 50वें स्थान पर रहीं। दीक्षा हरियाणा के झज्जर की रहने वाली हैं और 2017 ग्रीष्मकालीन डिफ्लिम्पिक्स में रजत पदक विजेता भी रही हैं।

खेल मंत्रालय मुख्य रूप से प्रत्येक राष्ट्रीय खेल संघ के प्रशिक्षण और प्रतियोगिता (एसीटीसी) के वार्षिक कैलेंडर के तहत कुलीन एथलीटों का समर्थन करता है। टॉप्स उन क्षेत्रों में एथलीटों को अनुकूलित सहायता प्रदान करता है जो एसीटीसी के अंतर्गत नहीं आते हैं और एथलीटों की अप्रत्याशित जरूरतों को पूरा करते हैं क्योंकि वे ओलंपिक और पैरालिंपिक खेलों में उत्कृष्टता प्राप्त करने की तैयारी करते हैं।

खेल मंत्रालय के मिशन ओलंपिक सेल (मोक) ने पहलवान बजरंग पुनिया और सुनील कुमार को विदेशी प्रदर्शन प्रशिक्षण के लिए वित्तीय सहायता को मंजूरी दे दी है।

टोक्यो ओलंपिक में कांस्य पदक विजेता बजरंग को मास्को में 26 दिवसीय प्रशिक्षण शिविर के लिए 7.53 लाख रुपये की राशि स्वीकृत की गई थी। 27 दिसंबर से शुरू हुए शिविर के लिए अब उन्हें अतिरिक्त 1.76 लाख रुपये का समर्थन किया गया है।

जितेंदर और आनंद कुमार, बजरंग के साथ क्रमश: अपने साथी और फिजियोथेरेपिस्ट के रूप में गए हैं। बजरंग वह रैंकिंग स्पर्धाओं, बमिर्ंघम में राष्ट्रमंडल खेलों के साथ-साथ हांग्जो, चीन में एशियाई खेलों सहित अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भाग लेने के लिए तैयार हैं।

बजरंग ने कहा, मुझे फरवरी में इटली और तुर्की में रैंकिंग सीरीज और फिर अप्रैल में मंगोलिया में एशियाई चैंपियनशिप में भाग लेना है। मैं अपना सर्वश्रेष्ठ देने जा रहा हूं क्योंकि मेरा लक्ष्य पेरिस 2024 में अपने पदक का नाम बदलना है।

ग्रीको-रोमन पहलवान सुनील कुमार को इस बीच रोमानिया और हंगरी में अपने साथी और कोच के साथ एक विशेष प्रशिक्षण शिविर के लिए 10.85 लाख रुपये की राशि स्वीकृत की गई है।

सुनील ने सीनियर नेशनल चैंपियनशिप 2019 और 2020, एशियन चैंपियनशिप 2020 और सीनियर नेशनल में 2021 में गोल्ड मेडल जीते थे।

--आईएएनएस

एचएमए/एएनएम

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