रोहित को उम्मीद ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ आखिरी दो टेस्ट खेलेंगे बुमराह

रोहित को उम्मीद ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ आखिरी दो टेस्ट खेलेंगे बुमराह
इंदौर, 25 जनवरी (आईएएनएस)। भारतीय कप्तान रोहित शर्मा ने जसप्रीत बुमराह की जल्द वापसी कराने को लेकर भारत को चेतावनी दी है और उम्मीद जताई है कि तेज गेंदबाज चोट से उबरकर ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मार्च में होने वाली टेस्ट सीरीज के आखिरी दो मैचों के लिए उपलब्ध होंगे।

2022 टी20 विश्व कप से पहले लगी कमर की चोट के बाद बुमराह श्रीलंका के खिलाफ इस माह की शुरूआत में वनडे सीरीज में वापसी करने वाले थे। भारतीय टीम प्रबंधन भारत में इस साल अक्तूबर-नवंबर में होने वाले वनडे विश्व कप को देखते हुए बुमराह की फिटनेस को लेकर सतर्क है।

रोहित ने न्यूजीलैंड को वनडे सीरीज में 3-0 से हराने के बाद कहा, बुमराह के बारे में मैं अभी कुछ नहीं कह सकता हूं, हां पहले दो टेस्ट में वह मौजूद नहीं रहेंगे। मैं आशा कर रहा हूं, आशा नहीं बल्कि उम्मीद कर रहा हूं कि वह अगले दो टेस्ट में खेलेंगे, लेकिन तब भी हम उनको लेकर कोई रिस्क नहीं लेना चाहते। कमर की चोट हमेशा ही गंभीर होती हैं, हम देखेंगे और निगरानी करेंगे। हम डॉक्टरों और एनसीए में फिजियो के लगातार संपर्क में हैं और हम लगातार उनकी सुन रहे हैं।

बुमराह पिछले साल सितंबर से मैदान से बाहर हैं और बीसीसीआई की बेंगलुरु स्थिति राष्ट्रीय क्रिकेट एकेडमी में रिहैब कर रहे थे। उन्हें छह सप्ताह रिहैब की सलाह दी गई थी और इसके बाद 25 नवंबर को उन्होंने ट्रेनिंग शुरू की जबकि 16 दिसंबर से एनसीए में गेंदबाजी करना शुरू किया। लेकिन एक नई चोट के उभरने ने उन्हें और पीछे कर दिया, जिससे उन्हें बॉर्डर-गावस्कर सीरीज में खेलने को लेकर भी संदेह में डाल दिया।

रोहित वनडे क्रिकेट की अपनी हालिया फॉर्म को लेकर हुई बयानबाजी पर निराशा व्यक्त की है। न्यूजीलैंड के खिलाफ इंदौर में रोहित ने 85 गेंद में 101 रन बनाए जो जनवरी 2020 से उनका पहला वनडे शतक था। जब उनसे वनडे शतकों में तीन साल के गैप के बारे में पूछा गया तो उन्होंने विस्तार से बताया कि वह पिछले तीन सालों में कम वनडे खेले हैं, क्योंकि उस समय 2021 और 2022 टी20 विश्व कप को महत्व दिया गया।

रोहित ने कहा, मैंने तीन साल में केवल 12 वनडे खेले। तीन साल सुनने में बहुत बड़े लगते हैं लेकिन मैंने इन सालों में केवल 12 या 13 वनडे खेले, अगर मैं गलत नहीं हूं तो। मैं जानता हूं कि यह ब्रॉडकास्ट में दिखाया गया था लेकिन कई बार हमें सही चीज भी दिखाने की जरूरत है। पिछले पूरे साल हम वनडे क्रिकेट नहीं खेले क्योंकि टी20 क्रिकेट पर अधिक फोकस था। कभी कभी थोड़ा वो हमको ध्यान रखना चाहिए, ब्रॉडकास्टर को भी सही चीज दिखाना चाहिए।

वापसी मतलब क्या मैं समझा नहीं? आप तीन साल की बात कर रहे हैं, इसमें से आठ महीने तो हम कोविड-19 की वजह से घर में रहे। कहां पर मैच हो रहे थे? और पिछले साल हमने केवल टी20 क्रिकेट खेला। टी20 क्रिकेट में सूर्यकुमार यादव के अलावा शायद ही कोई बेहतर बल्लेबाजी कर रहा है, उन्होंने दो टी20 शतक लगाए हैं, मुझे नहीं लगता कि किसी और ने शतक लगाया है। टेस्ट क्रिकेट में मैंने श्रीलंका के खिलाफ केवल दो टेस्ट खेले। इसके अलावा मैं चोटिल था। पहले कृपया यह सब जांचिए और उसके बाद आप मेरी फॉर्म के बारे में मुझसे पूछ सकते हैं।

रोहित भले ही वनडे क्रिकेट में हाल में बड़े शतक नहीं लगा पाए हैं लेकिन उन्होंने पावरप्ले में तेजी से रन बनाए हैं जिससे उनके साझेदारों को आराम से खेलने का मौका मिला। भारत के प्रमुख कोच राहुल द्रविड़ ने तीसरे वनडे से पहले उनके इस इरादे की सराहना की थी।

द्रविड़ ने कहा था, वह एक शानदार क्रिकेटर हैं और वाकई उन्होंने एक असामयिक प्रतिभा के साथ शुरूआत की और मुझे याद है जब मैंने उन्हें 17 या 18 साल की उम्र में अंडर 19 क्रिकेट के दौरान देखा था और आप देख सकते हैं कि वह अब कितने अलग हो चुके हैं। आप कई युवा खिलाड़ियों को देख सकते हें जो अंडर 19 में अलग तरह के होते हैं, लेकिन उनमें से सभी खिलाड़ी वास्तव में अपनी क्षमता हासिल नहीं कर पाते हैं। रोहित ने पिछले 15 वर्षों में जो किया है, मुझे लगता है कि अब वास्तव में उसकी क्षमता बदल गई है और वह भारतीय क्रिकेट के लिए एक महान सेवक रहा है और वास्तव में अच्छा किया है।

शायद जैसा आपने कहा कि टनिर्ंग प्वाइंट तब था जब दस साल पहले उन्हें ओपनिंग करने का अवसर मिला और वास्तव में उनकी पहचान निश्चित रूप से आईसीसी टूर्नामेंटों में उनका प्रदर्शन रहा है, जैसा कि हमने 2019 में कहा था, लेकिन साथ ही जब वह चलते हैं तो बड़े रन बनाने की उनकी क्षमता भी रहती है। जिसके पास वनडे में तीन दोहरे शतक हों तो वाकई यह उनकी बड़ी उपलब्धि है।

--आईएएनएस

आरआर

Share this story