एनबीआरआई ने आयोजित किया बोगनविलिया महोत्सव
 

NBRI organized Bougainvillea Festival
NBRI organized Bougainvillea Festival
उत्तर प्रदेश डेस्क लखनऊ (आर एल पांडेय)।सीएसआईआर-एनबीआरआई, लखनऊ द्वारा 09 जून 2024 को बोगनविलिया महोत्सव का आयोजन किया गया। महोत्सव का उदघाटन संस्थान के के. एन. कौल ब्लाक के में उत्तर प्रदेश सरकार के राज्य सम्पत्ति अधिकारी पवन कुमार गंगवार के द्वारा किया किया।

फेस्टिवल के संयोजक एवं संस्थान के मुख्य वैज्ञानिक डॉ. एसके तिवारी ने बताया कि संस्थान द्वारा प्रति वर्ष पहले से ही दो पुष्प प्रदर्शनी का आयोजन किया जाता हैं। इस बोगनविलिया महोत्सव को वर्ष 2022 से आयोजित किया जा रहा हैं जिसमे हम मुख्यतः गर्मियों के प्रमुख सजावटी पौधे बोगनविलिया की विभिन्न किस्मो को प्रदर्शित करते हैं। इस वर्ष संस्थान द्वारा आयोजित तीसरा बोगनविलिया महोत्सव का आयोजन किया जा रहा हैं। इस वर्ष महोत्सव में आम जनता/सरकारी/निजी संगठनों की भागीदारी के लिए विभिन्न प्रतियोगिताओं को भी आयोजित किया गया था। महोत्सव में कुल 19 प्रदर्शकों ने 46 प्रविष्टियाँ प्रदर्शित की । महोत्सव में प्रतियोगिता 8 वर्गों में आयोजित की गई थी।

इस महोत्सव में संस्थान द्वारा विकसित बोगनविलिया की दो दर्जन से ज्यादा किस्मों जैसे 'बेगम सिकंदर'; 'शुभ्रा'; 'डा० बी० पी० पाल'; 'अर्जुना'; 'अर्चना'; 'मेरी पाल्मर स्पेशल'; 'लॉस बनोस वैरिगेटा'; 'अरुणा'; 'डा० पी० वी० साने' आदि को प्रदर्शित किया गया है साथ ही बोगनविलिया पौधों को आकर्षक बनाये गये विभिन्न स्वरूपों जैसे बोन्साई, टोपिअरी कला आदि में भी प्रदर्शित किया गया हैं।

महोत्सव का समापन पुरस्कार वितरण समारोह के साथ किया गया। इस अवसर पर सीबीसीआईडी, लखनऊ के महानिदेशक डॉ. सत्य नारायण साबत पुरस्कार वितरण समारोह के मुख्य अतिथि थे, जबकि सीएसआईआर-सीडीआरआई, लखनऊ की निदेशक डॉ. राधा रंगराजन और सीएसआईआर-सीआईएमएपी, लखनऊ के निदेशक डॉ. पीके त्रिवेदी समारोह के विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। गणमान्य अतिथियों ने सभी विजयी प्रतिभागियों को पुरस्कार भी वितिरित किये ।

संस्थान के निदेशक डॉ. अजित कुमार शासनी ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि राष्ट्रीय संस्थान होने के नाते हमारी यह नैतिक जिम्मेदारी है कि हम अपनी कृषि तकनीकी और किस्मो को किसानो तक पहुंचाये जिससे उनकी आय एवं आजीविका में समृद्धि आ सके | इससे हम पुष्प कृषि क्षेत्र में अपने देश को और आगे ले जा सकते है। इस दृष्टि के साथ सीएसआरआर पुष्प कृषि मिशन परियोजना को पूरे भारत वर्ष में चलाया जा रहा है और संस्थान किसानों को उनकी आय बढाने की दिशा में लगातार सहयोग करता रहेगा ।


प्रतियोगिता में सर्वोच्च अंक प्राप्त करने वाली इंदिरा नगर लखनऊ की  नम्रता त्रिपाठी महोत्सव की विजेता रहीं, जबकि ला मार्टिनियर गर्ल्स कॉलेज, लखनऊ उपविजेता रही। सभी विजेताओं को बधाई देते हुए समारोह के मुख्य अतिथि डॉ. सत्य नारायण साबत ने सीएसआईआर फ्लोरीकल्चर मिशन के तहत बड़े पैमाने पर फूलों की खेती को बढ़ावा देने के लिए सीएसआईआर-एनबीआरआई के प्रयासों की सराहना की। इससे निश्चित रूप से हमारे किसान और फूलों की खेती उद्योग क्षेत्र आत्मनिर्भर बनने के लिए दिशा में और आगे बढ़ेंगे। डॉ. साबत ने बताया कि लखनऊ में नगर सुंदरीकरण अभियान में बोगनविलिया पौधों का व्यापक रूप से उपयोग किया गया है। शुष्क और अर्ध-शुष्क क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण अभियान में इस पौधे को शामिल किया जाना चाहिए। डॉ. सबत ने दोहराया कि हमें अपनी मिट्टी को प्रदूषण से बचाना चाहिए क्योंकि इसे पूरी तरह से परिपक्व होने में बहुत लंबा समय लगता है।


विशिष्ट अतिथि डॉ. प्रबोध कुमार त्रिवेदी ने कहा कि बोगनविलिया के रंग-बिरंगे पौधे हमारे दिल और दिमाग को तरोताजा कर देते हैं। इस पौधे को बहुत कम देखभाल और रखरखाव की आवश्यकता होती है। इसका यह गुण हमें पौधों में जलवायु के अनुकूल गुणों का पता लगाने में मदद कर सकता है। डॉ. त्रिवेदी ने कहा कि हमें विज्ञान के माध्यम से अपनी वनस्पति विविधता और स्वदेशी पारंपरिक ज्ञान की रक्षा करनी चाहिए। विशिष्ट अतिथि डॉ. राधा रंगराजन ने इस सुन्दर बोगनविलिया महोत्सव का हिस्सा बनने पर अपनी प्रसन्नता व्यक्त की। डॉ. रंगराजन ने कहा महोत्सव में बोगनविलिया के फूल हमे जीवंतता का एहसास कराते हैं। डॉ. रंगराजन ने बोगनविलिया और दुनिया में इसकी खोज के बारे में कुछ रोचक ऐतिहासिक तथ्य भी साझा किए।
महोत्सव प्रातः 10:00 बजे से शाम 06:00 बजे तक आम जनता के लिए खुला रहा।

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