शालीमार कॉर्प को “ग्रेट प्लेस टू वर्क” सर्टिफिकेट
भरोसे और सहयोग पर आधारित कार्यसंस्कृति को मिली राष्ट्रीय पहचान
जनवरी 2026 से जनवरी 2027 की अवधि के लिए मान्यता
लखनऊ | 14 फ़रवरी 2026
शालीमार कॉर्प लिमिटेड को जनवरी 2026 से जनवरी 2027 की अवधि के लिए प्रतिष्ठित “ग्रेट प्लेस टू वर्क” सर्टिफिकेट से सम्मानित किया गया है। यह मान्यता कंपनी में विकसित उस सशक्त कार्यसंस्कृति का प्रमाण है, जो भरोसे, पारदर्शिता, सहयोग और कर्मचारियों के समग्र विकास पर आधारित है।
यह उपलब्धि शालीमार कॉर्प की टीमों के सामूहिक प्रयास और उस दूरदर्शी नेतृत्व को दर्शाती है, जिसमें लोगों को प्राथमिकता दी जाती है और एक सकारात्मक कार्यपर्यावरण को निरंतर सशक्त बनाया जाता है।
यह सर्टिफिकेट ग्रेट प्लेस टू वर्क इंडिया द्वारा भारत में कार्यरत संगठनों के मूल्यांकन के बाद प्रदान किया जाता है। इस प्रक्रिया में कर्मचारियों का भरोसा, संगठन की संस्कृति, नेतृत्व शैली और कार्यस्थल पर सहयोग जैसे महत्वपूर्ण मानकों को परखा जाता है।
कंपनी का स्पष्ट मानना है कि किसी भी संगठन की वास्तविक शक्ति उसकी टीम होती है। इसी सोच के अनुरूप शालीमार कॉर्प ने ऐसा कार्यपर्यावरण विकसित किया है, जहाँ प्रत्येक कर्मचारी स्वयं को सुरक्षित, सम्मानित और आगे बढ़ने के लिए प्रेरित महसूस करता है।
देश के विभिन्न शहरों में यादगार परियोजनाओं और सशक्त समुदायों के निर्माण के साथ-साथ शालीमार कॉर्प ने हमेशा एक सकारात्मक, सहयोगी और विश्वासपूर्ण कार्यस्थल के निर्माण पर समान रूप से ध्यान दिया है।
यह सम्मान इस बात का भी प्रमाण है कि कंपनी केवल इमारतें और परियोजनाएँ ही नहीं बनाती, बल्कि अपने लोगों और उनके भविष्य को संवारने में भी गहरा विश्वास रखती है। “ग्रेट प्लेस टू वर्क” सर्टिफिकेट शालीमार कॉर्प की उस प्रतिबद्धता को और मज़बूती प्रदान करता है, जिसके अंतर्गत एक ऐसा संगठन तैयार किया जा रहा है, जो दीर्घकालिक सफलता, विश्वास और मानवीय मूल्यों पर आधारित हो।
