Navratri 2023 : मां कात्यायनी की करे  पूजा और विधि जाने क्या क्या है 

Navratri 2023: Worship Maa Katyayani and know what is the method
 
Navratri 2023 :मां कात्यायनी की पूजा नवरात्रि महोत्सव के छठे दिन की जाती है। यहाँ एक सामान्य तरीका दिया जा रहा है जिससे आप मां कात्यायनी की पूजा कर सकते हैं

Also Read - कला उत्सव में महिमा त्रिपाठी, दिव्यांशी तिवारी अव्वल रहीं

सामग्री

मां कात्यायनी की मूर्ति या चित्र
फूल, फल, नैवेद्य (आटा और गुड़)
दीपक और घी
धूप और धूपी
अगरबत्ती
पंजा और कटोरा (कुछ पानी और चावल का भात डालने के लिए)
कुछ स्थानीय वस्त्र (पूर्णिमा को या सूखे फूलों को सजाने के लिए)

Also Read - तुलसी का उपयोग किन किन चीजो में किया जाता है जानिए

पूजा विधि:

आवाहन (Invocation): पूजा का आरंभ करने के लिए मां कात्यायनी को आमंत्रित करें। यहां आप उनके नाम और रूप का स्मरण करें।

असन (Seating): मां कात्यायनी की मूर्ति या चित्र के सामने विशेष आसन पर उन्हें बैठाएं।

आचमन (Sipping Water): आचमन करें और अपने शुद्ध भाव से देवी को पूजन करने का संकल्प लें।

पंचपुष्प पूजा (Offering of Flowers): अपने भक्ति भाव से फूलों का आर्पण करें।

धूप, दीप, नैवेद्य (Incense, Lamp, Offerings): धूप और दीपक जलाकर, और फल-फूल का नैवेद्य चढ़ाएं।

आरती (Aarti): मां कात्यायनी की आरती गाएं और दीपक को घुमाएं।

Also Read WC Qualifier Football : Lionel Messi के गोल से Argentina ने peru को 2-0 से हराया

मंत्र जप (Chanting Mantras): मां कात्यायनी के मंत्रों का जप करें, जैसे "ॐ देवी कात्यायन्यै नमः" या अन्य संबंधित मंत्र।

प्रदक्षिणा (Circumambulation): मां कात्यायनी की मूर्ति के चारों ओर प्रदक्षिणा करें।

निर्गुण्डी वस्त्र (Offering a piece of cloth): निर्गुण्डी या देवी के लिए एक वस्त्र चढ़ाएं।

प्रार्थना और आशीर्वाद (Prayer and Blessings): आप मां कात्यायनी से अपनी मनोकामनाओं की प्रार्थना करें और उनके आशीर्वाद का प्राप्ति करें।

उत्तरांग पूजा (Concluding Puja): ध्यान, भक्ति और आशीर्वाद के भावनाओं के साथ, पूजा को समाप्त करें।