Raghav Juyal Story: बिना ट्रेनिंग यूट्यूब से सीखा डांस, 10 लड़कों के साथ एक कमरे में गुजारे दिन; आज हैं बॉलीवुड के सबसे खूंखार विलेन
एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री में 'किंग ऑफ स्लो मोशन' और 'क्रॉकस' (Crockroaxz) के नाम से मशहूर राघव जुयाल (Raghav Juyal) आज, 10 जुलाई 2026 को अपना 35वां जन्मदिन मना रहे हैं। उत्तराखंड के देहरादून की खूबसूरत वादियों से निकलकर मायानगरी मुंबई के सिंहासन पर बैठने वाले राघव आज किसी परिचय के मोहताज नहीं हैं।
करोड़ों लोग जहां उनके अनोखे डांस मूव्स के दीवाने हैं, वहीं हालिया वर्षों में फिल्म 'किल' (Kill) में उनके द्वारा निभाए गए एक बेहद खूंखार विलेन के किरदार ने यह साबित कर दिया कि वे सिर्फ एक लाजवाब डांसर ही नहीं, बल्कि एक मंझे हुए और सुपरहिट एक्टर भी हैं। राघव के जन्मदिन पर आज हर कोई उनकी सफलता को सलाम कर रहा है, लेकिन फर्श से अर्श तक पहुंचने का उनका यह सफर कांटों से भरा था।
यूट्यूब को बनाया गुरु, छत पर सीखी 'स्लो मोशन' कला
राघव जुयाल की जिंदगी का सबसे हैरान करने वाला पहलू यह है कि दुनिया को अपनी उंगलियों पर नचाने वाले इस स्टार ने कभी किसी प्रोफेशनल डांस एकेडमी या कोरियोग्राफर से ट्रेनिंग नहीं ली। राघव को बचपन से ही डांस का जबरदस्त जुनून था, लेकिन आर्थिक तंगहाली और सही गाइडेंस न होने के कारण उनके पास कोई साधन नहीं था।
ऐसे में राघव ने इंटरनेट और यूट्यूब को ही अपना द्रोणाचार्य बना लिया। वे रात-रात भर जागकर यूट्यूब पर विदेशी डांसर्स के वीडियो देखते थे और दिन में अपने देहरादून वाले घर की छत पर कड़ी धूप में घंटों प्रैक्टिस किया करते थे। इसी कड़ी मेहनत और कड़े रियाज से उन्होंने डांस की एक बिल्कुल नई विधा को जन्म दिया, जिसे आज पूरी दुनिया 'स्लो मोशन वॉकिंग' के नाम से जानती है। उनके इस ईजाद किए गए स्टाइल ने आगे चल कर भारतीय टीवी शोज का चेहरा हमेशा के लिए बदल दिया।
मुंबई का वो तंग कमरा: 10 लड़कों के साथ संघर्ष के दिन
जब राघव जुयाल अपने बड़े सपनों को अपनी आंखों में सजाकर मायानगरी मुंबई पहुंचे, तो हकीकत उतनी खूबसूरत नहीं थी। शुरुआती दिनों में उनके पास पैसों की भारी किल्लत थी। राघव ने खुद अपने एक पुराने इंटरव्यू में उन संघर्ष के दिनों को याद करते हुए एक भावुक कर देने वाला खुलासा किया था।
राघव ने बताया था कि मुंबई में सर्वाइव करने के लिए वे एक बेहद छोटे से कमरे में अपने जैसे ही संघर्ष कर रहे 10 अन्य लड़कों के साथ रहने को मजबूर थे। उस कमरे में जगह इतनी कम थी कि सभी को ठीक से सोने तक की जगह नसीब नहीं होती थी। लेकिन राघव की आंखों में अपने हुनर के दम पर कुछ बड़ा करने का जो सपना था, उसने उन्हें कभी टूटने या हार मानने नहीं दिया। वे दिनभर ऑडिशन और रिहर्सल के लिए भटकते और रात को थक-हार कर उसी तंग कमरे में सो जाते।
रिजेक्ट होने के बाद 'वाइल्ड कार्ड' से बने रातों-रात सुपरस्टार
राघव जुयाल की किस्मत का सितारा तब चमका जब उन्होंने डांस रियलिटी शो 'डांस इंडिया डांस सीजन 3' (DID 3) का ऑडिशन दिया। दिलचस्प बात यह है कि राघव इस शो के मेगा ऑडिशन में जजों द्वारा रिजेक्ट कर दिए गए थे और वे टॉप-18 में जगह नहीं बना पाए थे।
लेकिन जब उनका ऑडिशन क्लिप टीवी पर टेलीकास्ट हुआ, तो उनके अनोखे स्लो-मोशन डांस स्टाइल को देखकर देश की जनता पागल हो गई। जनता की भारी डिमांड और दबाव के आगे झुकते हुए शो के महागुरु रेमो डिसूजा को वाइल्ड कार्ड एंट्री के जरिए राघव को शो में वापस बुलाना पड़ा। इसके बाद राघव ने कभी मुड़कर पीछे नहीं देखा। भले ही वे उस शो के विनर नहीं बन सके, लेकिन उन्होंने दर्शकों का दिल ऐसा जीता कि वे रातों-रात पूरे देश के लाडले बन गए। डांस के बाद उन्होंने अपनी गजब की कॉमिक टाइमिंग से एक होस्ट और फिर एक बेहतरीन अभिनेता के रूप में खुद को स्थापित किया।
