डायबिटीज या बैड कोलेस्ट्रॉल है तो अमरूद खाते समय इन बातों का रखें ध्यान
नई दिल्ली। अमरूद पोषक तत्वों से भरपूर फल है और इसमें फाइबर, विटामिन सी तथा पोटैशियम जैसे पोषक तत्व पाए जाते हैं। डायबिटीज वाले लोगों के लिए फल चुनते समय कुल कार्बोहाइड्रेट, फाइबर और मात्रा पर ध्यान देना जरूरी होता है। वहीं, पर्याप्त फाइबर वाला आहार कोलेस्ट्रॉल और ब्लड शुगर मैनेजमेंट में मदद कर सकता है।
हालांकि, किसी एक फल को डायबिटीज या हाई कोलेस्ट्रॉल का इलाज मानना सही नहीं है। अमरूद को संतुलित डाइट का हिस्सा बनाकर खाया जा सकता है, लेकिन सेवन की मात्रा और व्यक्ति की स्वास्थ्य स्थिति को ध्यान में रखना जरूरी है।
अमरूद खाने के तरीके पर क्या कहती है रिसर्च?
कुछ शोधों में अमरूद के सेवन और ब्लड शुगर तथा लिपिड प्रोफाइल के बीच संभावित लाभकारी संबंध देखा गया है। एक छोटे नियंत्रित मानव अध्ययन में 6 सप्ताह तक पके अमरूद का सेवन करने वाले समूहों का अध्ययन किया गया। इसमें बिना छिलके वाले अमरूद खाने वाले समूह में LDL, ट्राइग्लिसराइड और कुल कोलेस्ट्रॉल में कमी देखी गई, जबकि छिलके सहित अमरूद वाले समूह में कुछ मानकों में अलग परिणाम मिले। हालांकि, यह अध्ययन केवल 45 स्वस्थ लोगों पर किया गया था, इसलिए इसके आधार पर सभी डायबिटीज या हाई कोलेस्ट्रॉल मरीजों के लिए कोई निश्चित नियम बनाना उचित नहीं है।
इसलिए अमरूद को लेकर यह कहना कि हर व्यक्ति को पका अमरूद छिलके के साथ नहीं खाना चाहिए, उपलब्ध शोध से साबित नहीं होता। व्यक्ति की डाइट, ब्लड शुगर और डॉक्टर या डाइटिशियन की सलाह के अनुसार सेवन का तरीका तय किया जाना चाहिए।
डायबिटीज में अमरूद खाते समय इन बातों का रखें ध्यान
डायबिटीज में फल पूरी तरह बंद करने की जरूरत सामान्य तौर पर नहीं होती, लेकिन फल में मौजूद प्राकृतिक कार्बोहाइड्रेट भी ब्लड ग्लूकोज को प्रभावित कर सकते हैं। इसलिए—
- अमरूद की मात्रा पर ध्यान दें और एक साथ बहुत अधिक न खाएं।
- जूस की जगह पूरा फल खाना बेहतर विकल्प है, क्योंकि पूरे फल से फाइबर मिलता है।
- अमरूद खाते समय अपनी पूरी डाइट में शामिल कुल कार्बोहाइड्रेट का ध्यान रखें।
- यदि आप पहली बार डाइट में अमरूद शामिल कर रहे हैं, तो अपनी ब्लड शुगर प्रतिक्रिया पर नजर रखना उपयोगी हो सकता है।
- यदि डायबिटीज की दवाएं या इंसुलिन चल रही है, तो केवल किसी फल के भरोसे दवा या उपचार में बदलाव न करें।
बैड कोलेस्ट्रॉल में कैसे हो सकता है फायदा?
अमरूद में मौजूद फाइबर स्वस्थ खानपान का हिस्सा बनने पर कोलेस्ट्रॉल मैनेजमेंट में योगदान दे सकता है। अमेरिकन डायबिटीज एसोसिएशन भी बताता है कि पर्याप्त फाइबर वाला आहार पाचन स्वास्थ्य, ब्लड ग्लूकोज मैनेजमेंट और कोलेस्ट्रॉल को बेहतर करने में मदद कर सकता है।
कुछ पुराने मानव अध्ययनों में भी अधिक अमरूद और घुलनशील फाइबर वाले आहार के साथ कुल कोलेस्ट्रॉल और ट्राइग्लिसराइड में कमी देखी गई थी। हालांकि, इन परिणामों को हर व्यक्ति पर सीधे लागू नहीं किया जा सकता।
अमरूद से मिल सकते हैं ये पोषण संबंधी फायदे
अमरूद फाइबर और विटामिन सी का अच्छा स्रोत है। फाइबर पाचन को बेहतर रखने और पेट भरा हुआ महसूस कराने में मदद करता है। विटामिन सी शरीर के लिए जरूरी पोषक तत्व है और एंटीऑक्सीडेंट के रूप में भी काम करता है।
अमरूद में पोटैशियम भी पाया जाता है, लेकिन केवल अमरूद खाने से ब्लड प्रेशर या कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करने का दावा नहीं किया जा सकता। इसके लिए संपूर्ण खानपान, शारीरिक गतिविधि और जरूरत पड़ने पर चिकित्सकीय उपचार जरूरी है।
डायबिटीज, हाई कोलेस्ट्रॉल, किडनी की बीमारी या अन्य स्वास्थ्य समस्या होने पर डाइट में बड़ा बदलाव करने से पहले डॉक्टर या रजिस्टर्ड डाइटीशियन की सलाह लेना बेहतर है। अमरूद किसी बीमारी की दवा या इलाज का विकल्प नहीं है।
