यूनिसेफ-युवा मंच की राष्ट्रीय सलाहकार परिषद में शामिल हुए यूपी के अमन कुमार, 88 लाख युवाओं तक पहुंचाया डिजिटल अवसरों का लाभ
अखबार बेचने और फैक्ट्री में मजदूरी करने से शुरू हुआ सफर राष्ट्रीय मंच तक पहुंचा; 6 हजार से अधिक नामों में से चयन, अब केंद्र सरकार के मंत्रालयों और संयुक्त राष्ट्र की एजेंसियों के साथ युवा नीतियों पर करेंगे काम
बागपत, 1 नवंबर 2026। संघर्षों से निकलकर सामाजिक बदलाव की नई इबारत लिखने वाले उत्तर प्रदेश के बागपत निवासी अमन कुमार ने राष्ट्रीय स्तर पर प्रदेश का नाम रोशन किया है। संयुक्त राष्ट्र की संस्था यूनिसेफ ने उनके सामाजिक योगदान, डिजिटल नवाचारों और युवा सशक्तिकरण के क्षेत्र में किए गए कार्यों को देखते हुए उन्हें भारत की युवा सलाहकार परिषद ‘यंग पीपल्स एक्शन टीम’ में शामिल किया है। इसके साथ ही उन्हें यूनिसेफ-युवा मंच का राष्ट्रीय सलाहकार चुना गया है।
यूनिसेफ हाउस, नई दिल्ली की वरिष्ठ अधिकारी नम्रता गोगोई की ओर से जारी सूचना के अनुसार, देशभर से प्राप्त 6,000 से अधिक प्रस्तावित नामों के बीच मूल्यांकन और साक्षात्कार की प्रक्रिया के बाद अमन का चयन किया गया। उनका चयन वर्षों से किए जा रहे जमीनी कार्यों और अनुभवों के आधार पर हुआ है। वर्तमान में अमन माय भारत के युवा स्वयंसेवक हैं और इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय (इग्नू) से समाज कार्य की पढ़ाई कर रहे हैं।
राष्ट्रीय युवा नीतियों को आकार देने में निभाएंगे भूमिका
संयुक्त राष्ट्र महासचिव की पहल ‘जनरेशन अनलिमिटेड’ के भारतीय स्वरूप युवा मंच का उद्देश्य देश के युवाओं को कौशल विकास, आर्थिक अवसरों और सामाजिक बदलाव से जोड़ना है। राष्ट्रीय सलाहकार परिषद का हिस्सा बनने के बाद अमन नई दिल्ली में आयोजित होने वाली उच्चस्तरीय बैठकों में भाग लेंगे।
इन बैठकों में भारत सरकार के युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय, कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय, श्रम एवं रोजगार मंत्रालय, कॉर्पोरेट जगत और संयुक्त राष्ट्र की विभिन्न एजेंसियों के प्रतिनिधि शामिल होते हैं। यहां राष्ट्रीय युवा नीतियों, कार्यक्रमों और अभियानों से जुड़े विषयों पर विचार-विमर्श किया जाता है।
अमन अपनी नई जिम्मेदारी के तहत ग्रामीण और वंचित युवाओं की जरूरतों तथा उनके अनुभवों को नीतिगत चर्चाओं में प्रमुखता से रखने का प्रयास करेंगे। उनका लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि वर्ष 2030 तक संयुक्त राष्ट्र के सतत विकास लक्ष्यों के अनुरूप अधिक से अधिक युवा शिक्षा, कौशल विकास और बेहतर करियर के अवसरों से जुड़ सकें।

अखबार बेचने से शुरू हुआ संघर्ष का सफर
बागपत जिले के ट्योढ़ी गांव के रहने वाले अमन कुमार की सफलता की कहानी संघर्ष और दृढ़ संकल्प की मिसाल है। पढ़ाई के साथ उन्होंने कभी साइकिल से अखबार बांटे तो कभी फैक्ट्री में मजदूरी की। इस दौरान उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों के युवाओं की उन समस्याओं को करीब से समझा, जिनके कारण प्रतिभाशाली होने के बावजूद कई युवा उचित जानकारी और अवसरों के अभाव में आगे नहीं बढ़ पाते।
अमन ने महसूस किया कि गांवों में बड़ी संख्या में ऐसे युवा हैं, जिन्हें सही समय पर शिक्षा, रोजगार और सरकारी योजनाओं की जानकारी नहीं मिल पाती। इसके चलते उन्हें पढ़ाई छोड़ने, बेरोजगारी, नशे, आत्मविश्वास की कमी और मानसिक तनाव जैसी चुनौतियों का सामना करना पड़ता है।
इसी अनुभव ने उन्हें ऐसा अभियान शुरू करने के लिए प्रेरित किया, जिसमें सूचना और अवसरों की कमी के कारण कोई भी ग्रामीण युवा पीछे न छूटे। अब यूनिसेफ के राष्ट्रीय मंच पर चयन को उनके इसी प्रयासों की महत्वपूर्ण पहचान माना जा रहा है।

‘उड़ान यूथ क्लब’ और ‘कॉन्टेस्ट 360’ से 88 लाख से अधिक युवाओं को जोड़ा
सूचना और अवसरों के बीच की दूरी कम करने के उद्देश्य से अमन ने माय भारत के सहयोग से ‘उड़ान यूथ क्लब’ और ‘कॉन्टेस्ट 360’ प्लेटफॉर्म की शुरुआत की। उनके अनुसार, इन पहलों के माध्यम से देशभर के 88 लाख से अधिक युवाओं को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय अवसरों से जोड़ने में मदद मिली है।
इसके अलावा, उन्होंने बागपत जिला प्रशासन और सूचना विभाग के साथ मिलकर स्वैच्छिक रूप से कई डिजिटल पहल भी विकसित कीं। इनमें ‘सूचना सेतु’, ‘स्वीप बागपत’ और ‘कांवड़ यात्रा ऐप’ शामिल हैं। इन पहलों का उद्देश्य आम नागरिकों तक जरूरी सूचनाएं पहुंचाना और उन्हें सरकारी योजनाओं तथा अपने अधिकारों के प्रति जागरूक करना रहा है।
वंचित युवाओं की आवाज को राष्ट्रीय मंच तक पहुंचाना प्राथमिकता
अपनी नई जिम्मेदारी पर अमन कुमार ने कहा कि उनकी प्राथमिकता समाज के अंतिम पायदान पर खड़े युवाओं की जरूरतों को राष्ट्रीय नीतियों में उचित स्थान दिलाना होगा। उन्होंने कहा कि युवाओं को जिला और देश के विकास में भागीदारी के लिए लगातार अवसर, विश्वास और सहयोग मिलना चाहिए।
अमन के मुताबिक, नीतियों और योजनाओं का निर्माण ग्रामीण युवाओं की वास्तविक परिस्थितियों और जरूरतों को ध्यान में रखकर किया जाना चाहिए, ताकि देश का कोई भी युवा अवसरों से वंचित न रहे।
राष्ट्रीय चयन पर जनपद में खुशी
अमन कुमार के चयन पर जिला सूचना अधिकारी राहुल भाटी, जिला युवा अधिकारी अनिकेत शर्मा, शिक्षाविद डॉ. सत्यवीर सिंह, अभय नाथ मिश्र सहित जनपद के प्रशासनिक अधिकारियों, शिक्षाविदों और सामाजिक संगठनों से जुड़े लोगों ने प्रसन्नता व्यक्त की। सभी ने उन्हें इस उपलब्धि के लिए बधाई और शुभकामनाएं दीं।
पुरस्कार और प्रमुख उपलब्धियां
अमन कुमार को अब तक विभिन्न संस्थाओं और मंचों पर सम्मानित किया जा चुका है। उनकी प्रमुख उपलब्धियां इस प्रकार हैं:
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विवेकानंद राज्य युवा पुरस्कार, उत्तर प्रदेश सरकार
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इंडियाज मोस्ट वैल्यूएबल यू-रिपोर्टर, यूनिसेफ
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यूथ चैंपियन पुरस्कार, आई वॉलंटियर इंडिया
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चेंजिंग चाॅक्स अवार्ड, ऋषिहुड यूनिवर्सिटी
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यूनेस्को की रिपोर्ट में अंतरराष्ट्रीय पहचान
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यूनेस्को ग्लोबल यूथ कम्यूनिटी के सदस्य
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यूनेस्को एमआईअल अलायंस के सदस्य
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यूनेस्को आईपीएल नेटवर्क के सदस्य
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संचार प्रमुख, सत्यार्थी यूथ नेटवर्क
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राष्ट्रीय युवा स्वयंसेवक, माय भारत
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टीम यूपी के विकसित भारत यूथ कैप्टन
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उत्तर प्रदेश विधानसभा में यूथ आइकॉन सम्मान
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यूथ एम्बेसडर, माय गवर्नमेंट इंडिया
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चैप्टर समन्वयक, क्लाइमेट कार्डिनल्स
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अध्यक्ष, उड़ान यूथ क्लब, इंडिया
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कोर टीम सदस्य, सूचना मित्र नेटवर्क, बागपत
अखबार बांटने से लेकर राष्ट्रीय युवा नीतियों से जुड़ी चर्चाओं तक पहुंचा अमन कुमार का सफर इस बात को रेखांकित करता है कि जमीनी अनुभव और निरंतर प्रयास सामाजिक बदलाव की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।


