अनुभव से युक्त एक शैक्षणिक भ्रमण: नन्हे जयपुरियन्स ने जाना लखनऊ जंक्शन का 100 साल का सफर
लखनऊ, 18 मार्च 2026: शिक्षा केवल किताबों तक सीमित नहीं होती, बल्कि अनुभवों से समृद्ध होती है। इसी उद्देश्य के साथ, सेठ एम. आर. जयपुरिया स्कूल, गोयल कैंपस के कक्षा 4 के छात्रों ने 17 मार्च 2026 को लखनऊ जंक्शन (चारबाग, छोटी लाइन) का भ्रमण किया। यह अवसर विशेष था क्योंकि लखनऊ जंक्शन अपने स्थापना के 100 वर्ष पूरे कर रहा है।
रेलवे के इतिहास की सजीव झलक
इस ऐतिहासिक अवसर पर रेलवे प्रशासन द्वारा एक विशेष प्रदर्शनी का आयोजन किया गया था। छात्रों ने यहाँ बीते एक दशक की यात्रा को मॉडल्स के माध्यम से देखा।
-
प्रमुख आकर्षण: छात्रों ने पुराने भाप इंजन, शक्तिशाली ऐरावत इंजन, पुराने समय के रेल डिब्बों की बनावट, प्राचीन टिकट, वेटिंग मशीन और पुराने सिग्नल सिस्टम को करीब से देखा और समझा।
-
छात्रों का अनुभव: कक्षा 4 के छात्र विवान, साक्ष्य देवज्ञ, और प्राशीनि ने अपना अनुभव साझा करते हुए बताया कि उन्हें पुरानी और नई रेलवे व्यवस्था के बीच का अंतर समझकर बहुत रोमांच महसूस हुआ।
विशेष आकर्षण: प्रशिक्षित कुत्ता 'माइकल'
भ्रमण के दौरान छात्रों के बीच सबसे ज्यादा चर्चा का विषय 'माइकल' नाम का कुत्ता रहा। पूरी तरह प्रशिक्षित माइकल ने जब अधिकारियों के निर्देशों का पालन किया, तो छात्र उसे देख कर मंत्रमुग्ध हो गए। यह उनके लिए मनोरंजन और शिक्षा का एक अनूठा संगम था।

अनुशासन और जागरूकता की सराहना
रेलवे प्रशासन और पी.आर.ओ. (PRO) लखनऊ जंक्शन ने छात्रों के अनुशासित व्यवहार की विशेष रूप से प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि ऐसे भ्रमण बच्चों में सामाजिक और ऐतिहासिक जागरूकता पैदा करने में सहायक होते हैं।
प्रधानाचार्या का संदेश
विद्यालय की प्रधानाचार्या डॉ. श्रीमती रीना पाठक ने छात्रों के अनुभवों को सुना और उनके उत्साह की सराहना की। उन्होंने कहा:हमारा उद्देश्य छात्रों को केवल सैद्धांतिक ज्ञान देना नहीं, बल्कि उन्हें वास्तविक दुनिया की प्रगति से परिचित कराना है। भविष्य में भी हम ऐसे जागरूकता पूर्ण शैक्षिक अनुष्ठानों का आयोजन करते रहेंगे।"

इस भ्रमण का मुख्य उद्देश्य छात्रों को पुराने रेलवे सिस्टम से लेकर आज की आधुनिक ऑनलाइन प्रगति तक के सफर से परिचित कराना था, जिसमें विद्यालय और रेलवे प्रशासन का सहयोग पूरी तरह सफल रहा।



