अवादा ग्रुप का राष्ट्रव्यापी अभियान: ‘अवादा भारत उदय यात्रा’
स्वच्छ ऊर्जा में बड़ा विस्तार
कंपनी ने स्वच्छ ऊर्जा उत्पादन के क्षेत्र में 17.7 GWp का महत्वपूर्ण आंकड़ा पार कर लिया है, जिसमें:
- 7.2 GWp से अधिक परिचालन क्षमता
- लगभग 10.5 GWp निर्माणाधीन क्षमता शामिल है
वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी ने 2 GWp से अधिक नई क्षमता जोड़ी है, जिससे यह भारत की तेजी से बढ़ती स्वच्छ ऊर्जा कंपनियों में शामिल हो गई है।
ऊर्जा उत्पादन मॉडल
Adava Group सौर (Solar), पवन (Wind) और बैटरी स्टोरेज के संयोजन से ऐसी स्वच्छ ऊर्जा का उत्पादन करती है, जो पर्यावरण को नुकसान पहुंचाए बिना निरंतर उपलब्ध रहती है। कंपनी की उत्तर प्रदेश के दादरी में सोलर पैनल निर्माण इकाई भी है।
CEO का संदेश
अवादा एनर्जी के सीईओ किशोर नायर ने कहा कि वैश्विक ऊर्जा संकट, तेल-गैस आपूर्ति में अस्थिरता और भू-राजनीतिक तनाव के बीच स्वच्छ ऊर्जा अपनाना समय की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि कंपनी का लक्ष्य भारत को सुरक्षित और सतत स्वच्छ ऊर्जा प्रदान करना है।
उन्होंने यह भी बताया कि कंपनी का 17.7 GWp का पोर्टफोलियो उसकी मजबूत निष्पादन क्षमता और तेजी से विकास को दर्शाता है।
उत्तर प्रदेश में ऊर्जा संभावनाएँ
उत्तर प्रदेश, जो देश की अर्थव्यवस्था में लगभग 8% योगदान देता है, स्वच्छ ऊर्जा के लिए बड़े अवसर प्रदान करता है। राज्य में 2028 तक:
- कुल बिजली उत्पादन क्षमता लगभग 40,191 मेगावाट होने का अनुमान
- वर्तमान में 30,003 मेगावाट क्षमता चालू
- 14 गीगावाट सौर ऊर्जा परियोजनाओं की योजना
राज्य सरकार द्वारा सोलर प्रोजेक्ट्स, कुसुम योजना और ग्राम विद्युतीकरण जैसी योजनाओं के माध्यम से इस क्षेत्र को बढ़ावा दिया जा रहा है।
‘अवादा भारत उदय यात्रा’
यह यात्रा 8 मई को नोएडा से शुरू हुई और 5 दिनों में लगभग 510 किलोमीटर तय कर 13 मई को लखनऊ पहुंची। इसके बाद यह अभियान 35 दिनों में:
- 9 राज्यों
- 27 शहरों
की यात्रा करेगा।
इस दौरान नुक्कड़ नाटक, संवाद सत्र और डिजिटल शपथ जैसी गतिविधियों के माध्यम से लोगों को स्वच्छ ऊर्जा से जोड़ा जाएगा। Adava Group का यह अभियान न केवल स्वच्छ ऊर्जा के प्रति जागरूकता बढ़ाने की पहल है, बल्कि “हरित और आत्मनिर्भर भारत” के निर्माण की दिशा में एक जन-आंदोलन के रूप में देखा जा रहा है।
