'ब्लडमैन' आलोक अग्रवाल रचेंगे इतिहास: 28 जून को एक साथ 3 अंतरराष्ट्रीय व राष्ट्रीय सम्मानों से होंगे नवाजे

'Bloodman' Alok Agarwal to make history: To be conferred with three international and national honors simultaneously on June 28.
 
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बलरामपुर। उत्तर प्रदेश के बलरामपुर जनपद का नाम देश-विदेश में रोशन करने वाले प्रख्यात समाजसेवी आलोक अग्रवाल, जिन्हें लोग प्यार से "ब्लडमैन" भी कहते हैं, के नाम एक बेहद खास उपलब्धि जुड़ने जा रही है। आगामी 28 जून का दिन उनके जीवन और क्षेत्र के इतिहास में स्वर्णिम अक्षरों में दर्ज होगा। मानवता की भलाई और रक्तदान को लेकर समाज में पिछले एक दशक से अलख जगा रहे आलोक अग्रवाल को एक ही दिन में तीन बेहद प्रतिष्ठित पुरस्कारों से सम्मानित किया जाएगा।

आलोक अग्रवाल ने पिछले 10 वर्षों में दर्जनों रक्तदान शिविरों के जरिए हजारों यूनिट ब्लड कलेक्ट करवाया है, जिससे न जाने कितने गंभीर मरीजों को नया जीवन मिला है। आइए जानते हैं कि उन्हें किन-किन बड़े मंचों पर सम्मानित किया जा रहा है

🏆 एक ही दिन में मिलने वाले 3 बड़े सम्मान

पुरस्कार का नाम प्रदाता संस्था / आयोजन सम्मान का कारण
इंटरनेशनल लाइफ सेवर अवार्ड नेशनल इंटीग्रेटेड फोरम ऑफ आर्टिस्ट्स एंड एक्टिविस्ट्स (NIFAA) लखनऊ में आयोजित 'संवेदना-2' समारोह में, पिछले वर्ष 23 मार्च को रिकॉर्ड तोड़ रक्तदान शिविर के सफल आयोजन हेतु।
वर्ल्ड रिकॉर्ड ऑफ एक्सीलेंस वर्ल्ड रिकॉर्ड ऑफ एक्सीलेंस, इंग्लैंड (UK) ब्लड डोनेशन के क्षेत्र में लगातार 10 वर्षों से दी जा रही अभूतपूर्व और उत्कृष्ट सेवाओं के लिए अंतरराष्ट्रीय सम्मान।
वार्षिक मंडल पुरस्कार लायंस इंटरनेशनल (डिस्ट्रिक्ट 321B1) पूरे वर्ष मानव सेवा, सामाजिक सरोकार और ब्लड डोनेशन अवेयरनेस अभियानों को गति देने के लिए।

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यह मेरा नहीं, अनाम रक्तवीरों का सम्मान है" — आलोक अग्रवाल

विभिन्न सामाजिक संगठनों में सक्रिय भूमिका निभाने वाले 'ब्लडमैन' आलोक अग्रवाल इस बड़ी कामयाबी के बाद भी बेहद जमीन से जुड़े नजर आए। उन्होंने इस सफलता का श्रेय खुद को न देकर पूरी टीम और समाज को समर्पित किया।रक्तदान सिर्फ एक सोशल वर्क या औपचारिकता नहीं है, बल्कि यह इंसानी जिंदगी को बचाए रखने का सबसे पवित्र जरिया है। यदि हमारे नि:स्वार्थ रक्तदाता (ब्लड डोनर्स) आगे न आएं, तो कोई भी अभियान मुकाम तक नहीं पहुंच सकता। इसलिए यह सम्मान मेरा व्यक्तिगत नहीं, बल्कि उन हजारों अनाम रक्तवीरों, ब्लड बैंक के डॉक्टरों, काउंसलरों, टेक्नीशियनों और नर्सिंग स्टाफ की मेहनत का नतीजा है।"

 बलरामपुर और पूरे प्रदेश के लिए गौरव का क्षण

एक ही दिन में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के तीन बड़े पुरस्कार मिलना सिर्फ बलरामपुर के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे उत्तर प्रदेश के लिए अत्यंत गौरव की बात है। आलोक अग्रवाल आज के युवाओं के लिए एक बड़े रोल मॉडल बनकर उभरे हैं, जो यह साबित करते हैं कि अगर इरादे नेक हों तो एक अकेला व्यक्ति भी समाज में बड़ा बदलाव ला सकता है।

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