सिविल डिफेंस ने मानवता की मिसाल पेश की

Civil Defense set an example of humanity
 
Civil Defense set an example of humanity
लखनऊ।
सिविल डिफेंस लखनऊ ने एक नेक कार्य कर आमजन की मदद का अद्भुत उदाहरण प्रस्तुत किया। घटना के अनुसार मोहम्मद अख़्तर, जो पेशे से ऑटो चालक हैं, नेपालगंज से अवध बस डिपो (यूपी 40 टी 9003) के जरिए लखनऊ आए थे। उनके पास एक घायल बच्चे की महंगी मेडिकल रिपोर्ट थी, जिसका इलाज नेपाल में चल रहा था। पीड़ित परिवार ने बच्चे का आगे का इलाज लखनऊ में कराने का आग्रह किया था।

लखनऊ पहुंचने पर बस से उतरते समय मेडिकल रिपोर्ट बस में ही छूट गई। रिपोर्ट न मिलने से अख़्तर बेहद परेशान हो गए, क्योंकि उस पर लगभग 75,000 रुपये खर्च हुए थे। उन्होंने चारबाग बस स्टैंड तक रिपोर्ट ढूँढी, लेकिन सफलता नहीं मिली। अंततः वे नागरिक सुरक्षा (सिविल डिफेंस) कैम्प, राजाजीपुरम पहुँचे और अपनी समस्या डिप्टी डिविजनल वार्डेन रामगोपाल सिंह को बताई।

रामगोपाल सिंह ने तुरंत डिविजनल वार्डेन नफ़ीस अहमद से संपर्क साधा। टीम की त्वरित कार्यवाही से पता चला कि बस गोमतीनगर स्थित कमता बस स्टैंड पहुँच चुकी है। सिविल डिफेंस की सक्रियता से बस से मेडिकल रिपोर्ट सुरक्षित प्राप्त हो गई।
रिपोर्ट मिलने पर मोहम्मद अख़्तर ने राहत की सांस ली और भावुक होकर सिविल डिफेंस का आभार जताया। उन्होंने कहा  अगर यह रिपोर्ट नहीं मिलती तो बच्चे का इलाज रुक जाता। सिविल डिफेंस ने मुझे बड़ी चिंता से मुक्त किया है।
रिपोर्ट मिलने के बाद अख़्तर ने इंदिरानगर स्थित डॉक्टर से संपर्क किया और फिर नेपालगंज वापस रवाना हो गए।

Tags