पतंगबाजी के लिए अलग 'काईट पार्क' की मांग: कैफ इजलाल ने सुरक्षा को लेकर मुख्यमंत्री को प्रस्ताव भेजने का किया निर्णय
मांझे से होने वाले हादसों पर जताई चिंता
कैफ इजलाल ने कहा कि वर्तमान में पतंगबाजी के दौरान इस्तेमाल होने वाले सिंथेटिक या चाइनीज मांझे राहगीरों और पक्षियों के लिए काल बन रहे हैं। उन्होंने दुख व्यक्त करते हुए कहा कि मांझे की चपेट में आने से होने वाली दुर्घटनाओं के कारण कई हंसते-खेलते परिवार पल भर में तबाह हो जाते हैं। इन जोखिमों को कम करने का एकमात्र उपाय यह है कि पतंगबाजी के लिए एक सुरक्षित और समर्पित स्थान (पार्क) उपलब्ध कराया जाए।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को भेजा जाएगा प्रोजेक्ट
कैफ ने जानकारी दी कि उनकी कंपनी HIQ शीघ्र ही एक विस्तृत प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR) तैयार कर उत्तर प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को प्रेषित करेगी। इस प्रस्ताव में शहरी क्षेत्रों में 'काईट पार्क' की स्थापना और उससे होने वाले लाभों का विवरण होगा।
प्रोजेक्ट के लिए कंपनी ने जताई प्रतिबद्धता
कैफ इजलाल ने कहा यदि प्रदेश सरकार हमें अनुमति प्रदान करती है, तो हमारी कंपनी एच.आई.क्यू. नियमों के अनुसार उत्तर प्रदेश के किसी भी शहर में एक विश्वस्तरीय 'काईट पार्क' विकसित करने के लिए पूरी तरह तैयार है। इससे न केवल दुर्घटनाएं रुकेंगी, बल्कि यह पर्यटन और मनोरंजन का भी एक नया केंद्र बनेगा।"
