माँ पाटेश्वरी विश्वविद्यालय में अतिथि शिक्षकों की नियुक्ति को कार्यपरिषद की मंजूरी, शिक्षण व्यवस्था होगी और सुदृढ़
बैठक में विश्वविद्यालय में सृजित पदों से संबंधित शासनादेशों का अनुमोदन किया गया। साथ ही विभिन्न विभागों और स्कूलों की कार्यात्मक आवश्यकताओं का आकलन करते हुए कार्यपरिषद ने आवश्यकतानुसार अतिथि शिक्षकों की नियुक्ति के लिए कुलपति को अधिकृत किया, ताकि नए शैक्षणिक सत्र में शिक्षण कार्य सुचारु रूप से संचालित हो सके।
कार्यपरिषद ने उच्च शिक्षा विभाग तथा विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के दिशा-निर्देशों के अनुरूप अतिथि शिक्षकों के चयन और मानदेय संबंधी प्रावधानों को भी स्वीकृति प्रदान की। निर्णय के अनुसार अतिथि शिक्षकों को प्रति व्याख्यान 1,000 रुपये तथा अधिकतम 40,000 रुपये प्रतिमाह तक मानदेय दिया जाएगा।
कुलपति प्रो. रवि शंकर सिंह ने कहा कि विश्वविद्यालय का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि अतिथि शिक्षकों की नियुक्ति से शैक्षणिक गतिविधियों को गति मिलेगी और सभी विभागों में नियमित एवं प्रभावी शिक्षण व्यवस्था सुनिश्चित की जा सकेगी।
बैठक में कुलसचिव परमानन्द सिंह सहित कार्यपरिषद के सदस्य प्रो. संदीप कुमार श्रीवास्तव, प्रो. संजय कुमार पांडे, प्रो. सूर्यभान रावत, डॉ. कृष्ण कुमार, डॉ. ओम प्रकाश सोनी, डॉ. विनय सक्सेना, प्रो. प्रिया मुखर्जी, प्रो. धर्मेंद्र शुक्ला, प्रो. जे.पी. पांडेय, प्रो. जितेंद्र सिंह, प्रो. अरविंद कुमार द्विवेदी, प्रो. अभय कुमार श्रीवास्तव तथा प्रो. प्रेम कुमार सिंह उपस्थित रहे। बैठक में विभिन्न प्रशासनिक एवं शैक्षणिक प्रस्तावों पर भी विचार-विमर्श कर अनुमोदन प्रदान किया गया।
