कायस्थ महासभा और मेदांता अस्पताल की पहल, हार्ट एवं ऑर्थो टॉक मीटिंग में विशेषज्ञों ने बताए बचाव के उपाय
मेदांता अस्पताल की ओर से हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. गणेश सिंह ने हृदय रोगों के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि जीवनशैली में लापरवाही, असंतुलित खान-पान, तनाव, व्यायाम की कमी और नियमित स्वास्थ्य जांच नहीं कराने जैसी आदतें हृदय संबंधी समस्याओं का खतरा बढ़ा सकती हैं। उन्होंने लोगों से स्वस्थ जीवनशैली अपनाने और समय-समय पर स्वास्थ्य जांच कराने की अपील की।
वहीं मेदांता अस्पताल के ऑर्थोपेडिक्स डायरेक्टर डॉ. धर्मेंद्र सिंह ने हड्डियों एवं जोड़ों से संबंधित विभिन्न बीमारियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने चित्रों के माध्यम से हड्डियों की संरचना, उनसे जुड़ी सामान्य समस्याओं और उनके बचाव के तरीकों को सरल भाषा में समझाया।
कार्यक्रम के दौरान अखिल भारतीय कायस्थ महासभा उत्तर प्रदेश पूर्वी और मेदांता अस्पताल के बीच एक एमओयू (समझौता ज्ञापन) पर हस्ताक्षर भी किए गए। एमओयू पर मेदांता अस्पताल की ओर से डॉ. गणेश सिंह एवं डॉ. धर्मेंद्र सिंह तथा महासभा के प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुमार श्रीवास्तव, सेवानिवृत्त आईपीएस, और महामंत्री ज्ञान प्रकाश अस्थाना ने हस्ताक्षर किए। इस अवसर पर मौजूद लोगों ने करतल ध्वनि से समझौते का स्वागत किया।
महासभा की ओर से बताया गया कि बैठक में उपस्थित कायस्थ समाज के सदस्यों को मेदांता अस्पताल का आई-कार्ड उपलब्ध कराया जाएगा। इस कार्ड के माध्यम से भविष्य में उपचार कराने पर उन्हें विशेष सुविधाओं के साथ पैथोलॉजी जांच सहित निर्धारित सेवाओं में छूट का लाभ मिल सकेगा।
आयोजकों ने कहा कि इस पहल का उद्देश्य समाज के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं से जोड़ना और हृदय एवं हड्डियों से संबंधित बीमारियों के प्रति जागरूक करना है।
