गाजियाबाद: पति की हत्या के बाद मकान मालिक को फंसाने की कोशिश, पुलिस पूछताछ में खुला राज
जानकारी के मुताबिक, लखीमपुर के रहने वाले अंशुल ने करीब 10 साल पहले निशा से प्रेम विवाह किया था। शादी के बाद दोनों घर से निकलकर गाजियाबाद के खोड़ा इलाके में किराये के मकान में रहने लगे। दोनों एक फैक्ट्री में सिलाई का काम करते थे।
कुछ समय बाद अंशुल ने अपनी बहन और बहनोई को भी उसी फैक्ट्री में काम दिलवाया और अपनी ही इमारत में उनके रहने के लिए एक कमरा किराये पर दिलवा दिया।
व्हाट्सऐप चैट से सामने आया कथित प्रेम प्रसंग
आरोप है कि अंशुल के नाइट शिफ्ट में काम करने के दौरान उसकी पत्नी निशा और बहनोई के बीच नजदीकियां बढ़ गई थीं। कुछ दिन पहले कथित तौर पर व्हाट्सऐप चैट के जरिए इस संबंध की जानकारी अंशुल को हुई। इसके बाद रिश्तों में तनाव बढ़ गया।
दावा है कि इसी विवाद के बाद निशा ने अपने कथित प्रेमी के साथ मिलकर अंशुल को रास्ते से हटाने की योजना बनाई। हालांकि, मामले से जुड़े इन आरोपों की पुष्टि जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही हो सकेगी।
मकान मालिक पर जताया शक, पुलिस को हुआ संदेह
बताया जा रहा है कि अंशुल की हत्या के बाद निशा ने मकान मालिक पर आरोप लगाते हुए कहा कि उसका करीब 10 महीने का किराया बकाया था और इसी विवाद के चलते हत्या हुई। उसने पुलिस के सामने रोने का भी प्रयास किया, लेकिन उसके व्यवहार पर पुलिस को संदेह हुआ।इसके बाद पुलिस ने निशा से पूछताछ की, जिसमें कथित तौर पर हत्या से जुड़ी साजिश का खुलासा हुआ।
