विश्व निवेशक सप्ताह के तहत गोएल आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज में निवेशक जागरूकता प्रशिक्षण सत्र आयोजित
लखनऊ डेस्क | आर. एल. पाण्डेय लखनऊ, 6 अक्टूबर 2026। विश्व निवेशक सप्ताह (World Investor Week) के तहत गोएल ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के अंतर्गत गोएल आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज एवं हॉस्पिटल, लखनऊ में निवेशक जागरूकता एवं प्रशिक्षण सत्र का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (SEBI) के सहयोग से आयोजित हुआ।
कार्यक्रम का उद्देश्य शिक्षकों, चिकित्सकों और संस्थान के कर्मचारियों को निवेश के विभिन्न विकल्पों, प्रतिभूति बाजार, वित्तीय सुरक्षा और निवेशकों के अधिकारों के प्रति जागरूक करना था। प्रशिक्षण सत्र में कॉलेज एवं हॉस्पिटल के शिक्षक, चिकित्सक और कर्मचारी उत्साहपूर्वक शामिल हुए।
SEBI प्रतिनिधि ने दी निवेश के विभिन्न माध्यमों की जानकारी
प्रशिक्षण सत्र में SEBI के प्रतिनिधि प्रदीप पाण्डेय ने भारतीय पूंजी बाजार की संरचना और निवेश के विभिन्न माध्यमों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने शेयर बाजार में उपलब्ध विभिन्न प्रतिभूतियों के साथ गोल्ड बॉन्ड, सोना-चांदी, ETF (Exchange Traded Fund), प्राथमिक बाजार (Primary Market) और SIP (Systematic Investment Plan) जैसे निवेश विकल्पों की जानकारी साझा की।उन्होंने प्रतिभागियों को अधिकृत निवेश सलाहकारों एवं बाजार मध्यस्थों के माध्यम से निवेश करने तथा निवेश से पहले संबंधित जोखिमों और नियमों को समझने की आवश्यकता पर जोर दिया।
निवेश जोखिम और वित्तीय धोखाधड़ी से बचाव पर जोर
प्रदीप पाण्डेय ने Securities Market, Equity Market और निवेश से जुड़े विभिन्न जोखिमों के बारे में भी प्रतिभागियों को जागरूक किया। प्रशिक्षण में Impersonation (प्रतिरूपण), Unauthorized Market Practices (अनधिकृत बाजार गतिविधियां), Consolidated Account Statement (CAS) और Inflation (मुद्रास्फीति) जैसे विषयों पर चर्चा की गई।उन्होंने दीर्घकालिक निवेश के दौरान वित्तीय लक्ष्यों और जोखिम क्षमता को ध्यान में रखने की जरूरत पर भी प्रकाश डाला।
निवेशक संरक्षण और शिकायत निवारण की प्रक्रिया समझाई
सत्र में Investor Protection and Grievance Redressal यानी निवेशक संरक्षण एवं शिकायत निवारण व्यवस्था के बारे में भी जानकारी दी गई। प्रतिभागियों को ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी से सतर्क रहने की सलाह दी गई।उन्हें विशेष रूप से OTP किसी के साथ साझा न करने, OTP आधारित लेन-देन में सावधानी बरतने तथा निवेश के लिए केवल अधिकृत और विश्वसनीय माध्यमों का इस्तेमाल करने के प्रति जागरूक किया गया।
दो बैठकों में 100 से अधिक प्रतिभागियों ने लिया हिस्सा
कार्यक्रम में प्रधानाचार्य प्रो. अविनाश चंद्र श्रीवास्तव, उप-प्रधानाचार्य प्रो. अखिलेश कुमार सिंह, डीन एकेडमिक प्रो. सुनील कुमार गुप्ता, एम.एस. प्रो. मिथिलेश वर्मा, प्रो. अरविंद कुमार श्रीवास्तव, प्रो. अमित शुक्ला, प्रो. अंकुश आहवाड़, प्रो. सुबोध अस्थाना, प्रो. रंजना राजपूत, प्रो. जॉली सक्सेना, प्रो. आलोक कुमार श्रीवास्तव, प्रो. राकेश कुमार सिंह, प्रो. अवधेश बरनवाल, माधवी, डॉ. जयशीला, डॉ. गौरव, डॉ. अभिषेक, डॉ. प्रवीण, डॉ. मधूलिका और डॉ. गायत्री सहित अनेक शिक्षक एवं चिकित्सक मौजूद रहे। कार्यक्रम के समन्वयक डॉ. अंकुर सक्सेना रहे।

इसी विषय पर प्रदीप पाण्डेय ने हॉस्पिटल एवं कॉलेज के स्टाफ के साथ एक अलग प्रशिक्षण बैठक भी की। इसमें प्रो. मिथिलेश वर्मा (एम.एस.), डॉ. सुरेंद्र कुमार श्रीवास्तव (डी.एम.एस.), डॉ. संदीप, डॉ. मयंक, डॉ. अनिमेष, सिस्टर पूनम, कनक, प्रतीक्षा, लवी, अंजू, मधुबाला, शालिनी, पुष्पा और क्षमा सहित अन्य कर्मचारियों ने सहभागिता की।दोनों सत्रों में कुल मिलाकर 100 से अधिक प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया।
वित्तीय साक्षरता बढ़ाने की दिशा में पहल
कार्यक्रम के समापन पर प्रतिभागियों ने SEBI प्रतिनिधि द्वारा साझा की गई निवेश संबंधी व्यावहारिक और उपयोगी जानकारी के लिए आभार व्यक्त किया। आयोजकों के अनुसार, ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम लोगों में वित्तीय साक्षरता बढ़ाने, निवेश संबंधी जोखिमों को समझने और सुरक्षित एवं जिम्मेदार निवेश की संस्कृति विकसित करने में सहायक हो सकते हैं।विश्व निवेशक सप्ताह के तहत आयोजित यह प्रशिक्षण सत्र प्रतिभागियों को निवेश के विकल्पों के साथ-साथ वित्तीय सुरक्षा और निवेशक अधिकारों के प्रति जागरूक करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल रहा।


