पत्रकारों के मौलिक अधिकारों को लेकर सरकार के खिलाफ आंदोलन की चेतावनी, लखनऊ में जुटेंगे पत्रकार
मुरादाबाद के करुला स्थित फेमस इंस्टीट्यूट के सभागार में आयोजित पत्रकार सम्मेलन में मेरठ, सहारनपुर, मुरादाबाद और बरेली मंडल के 101 पत्रकार पदाधिकारियों को अटल बिहारी वाजपेयी अवार्ड-2026 से सम्मानित किया गया। इस दौरान पत्रकारों को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष गिरीशचंद्र कुशवाहा ने कहा कि पत्रकार स्वतंत्र और निर्भीक होकर शासन की योजनाओं एवं नीतियों की जानकारी जनता तक पहुंचाते हैं और जनता की समस्याओं को शासन तक पहुंचाने का काम करते हैं। ऐसे में पत्रकारों पर किसी भी तरह का दबाव लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए चिंता का विषय है।
उन्होंने उत्तर प्रदेश में पत्रकारों पर दर्ज हो रहे मुकदमों को लेकर भी नाराजगी जताई। उनका आरोप था कि कुछ राजनीतिक प्रभावशाली लोगों द्वारा पत्रकारों पर अपने पक्ष में खबर प्रकाशित करने का दबाव बनाया जाता है। उन्होंने कहा कि पत्रकारिता की स्वतंत्रता पर किसी भी प्रकार का दबाव लोकतंत्र के लिए खतरनाक स्थिति पैदा कर सकता है।
18 मंडलों के पत्रकारों को लखनऊ में जुटाने की तैयारी
गिरीशचंद्र कुशवाहा ने बताया कि पत्रकारों के उत्पीड़न और उनके अधिकारों से जुड़े मुद्दों को लेकर संगठन ने प्रदेश के विभिन्न मंडलों में कार्यक्रम आयोजित करने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि अयोध्या, कानपुर, मुरादाबाद, लखनऊ सहित विभिन्न स्थानों पर सम्मेलन आयोजित कर पत्रकारों को उनके मौलिक अधिकारों के लिए एकजुट किया जा रहा है। अभियान का अंतिम बड़ा आयोजन वाराणसी में प्रस्तावित है।
उन्होंने कहा कि यदि पत्रकारों के मौलिक अधिकारों को लेकर सरकार ने ठोस कदम नहीं उठाए तो वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले संगठन प्रदेशव्यापी आंदोलन करेगा। इसके तहत 18 मंडलों से पत्रकारों को राजधानी लखनऊ में एकत्र कर अपनी मांगों को मजबूती से उठाया जाएगा। उन्होंने कहा कि पत्रकारों के अधिकारों की लड़ाई लोकतांत्रिक तरीके से जारी रहेगी।
पत्रकार उत्पीड़न के खिलाफ एकजुट होने का आह्वान
मुरादाबाद मंडल के प्रभारी एवं राष्ट्रीय सचिव शारिक उस्मानी ने कहा कि पत्रकारों का उत्पीड़न किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने संगठन के निर्देशों के अनुरूप पत्रकारों को एकजुट होकर अपने अधिकारों की आवाज बुलंद करने का आह्वान किया।
बरेली मंडल के प्रभारी एवं राष्ट्रीय सचिव शुभांशु वैश्य ने कहा कि पत्रकारों के लिए मौलिक अधिकारों और सामाजिक सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर सरकार को स्पष्ट कार्ययोजना बनानी चाहिए।
सहारनपुर मंडल के प्रभारी एवं राष्ट्रीय सचिव वीरेंद्र कुमार सैनी ने कहा कि पत्रकारों की स्वतंत्रता और निष्पक्षता की रक्षा जरूरी है। उन्होंने आरोप लगाया कि स्वतंत्र पत्रकारिता करने वाले पत्रकारों को कई बार मुकदमों और अन्य दबावों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने कहा कि संगठन पत्रकारों के साथ खड़ा रहेगा।
मेरठ मंडल के प्रभारी एवं राष्ट्रीय सचिव मुकेश गोयल ने पत्रकारों के लिए सामाजिक सुरक्षा योजनाओं की मांग उठाई। उन्होंने 60 वर्ष की आयु पूरी कर चुके पत्रकारों के लिए पेंशन योजना, बीमा सुविधा और आयुष्मान कार्ड जैसी मांगों को प्रमुखता से उठाया।
सदस्यता अभियान तेज करने के निर्देश
राष्ट्रीय सचिव एवं उत्तर प्रदेश सदस्यता प्रमुख सत्येंद्र शर्मा ने मंडल और जिला पदाधिकारियों से संगठन का सदस्यता अभियान तेज करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि सभी पदाधिकारी अपने-अपने जिलों में सदस्यता लक्ष्य पूरा करें। साथ ही किसी पत्रकार के उत्पीड़न की स्थिति में मामले को शासन स्तर तक पहुंचाकर न्याय दिलाने के लिए प्रयास किया जाए।
सम्मेलन में फेमस इंस्टीट्यूट के प्रबंधक सत्यम शर्मा, बरेली से तुलाराम ठाकुर, अमरोहा से आलोक भारद्वाज, बिजनौर सहित विभिन्न जिलों से आए पत्रकारों ने भी अपने विचार रखे।
कार्यक्रम के दौरान मंचासीन अतिथियों का माल्यार्पण, बैज, पगड़ी और अंगवस्त्र भेंट कर स्वागत किया गया। संस्थापक अध्यक्ष गिरीश कुशवाहा सहित वरिष्ठ पत्रकार पदाधिकारियों को अटल बिहारी वाजपेयी अवार्ड-2026 से सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के अंत में मंडल मुरादाबाद प्रभारी शारिक उस्मानी ने सभी अतिथियों और पत्रकारों का आभार व्यक्त किया।
