यूपी में सर्वाइकल कैंसर की देर से पहचान बनी गंभीर चुनौती: मैक्स अस्पताल, लखनऊ के डॉक्टरों की चेतावनी

Late detection of cervical cancer poses a serious challenge in Uttar Pradesh: Doctors at Max Hospital, Lucknow, warn.
 
मैक्स सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल, लखनऊ में गायनेकोलॉजिकल ऑन्को-सर्जरी की कंसल्टेंट डॉ. चंद्रिमा रे ने कहा कि जानकारी के अभाव, डर और कई तरह की भ्रांतियों के कारण महिलाएं समय रहते जांच नहीं करवा पातीं। उन्होंने बताया, “आज लखनऊ जैसे शहरों में भी बड़ी संख्या में महिलाएं नियमित सर्वाइकल कैंसर स्क्रीनिंग से दूरी बनाए रखती हैं। पैप स्मीयर जांच को लेकर दर्द या असहजता की गलत धारणा फैली हुई है, जबकि यह जांच सामान्य और सुरक्षित होती है।”  डॉ. रे के अनुसार, मानसिक संकोच और आर्थिक बोझ की आशंका भी जांच में देरी का बड़ा कारण बनती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रारंभिक अवस्था में सर्वाइकल कैंसर की पहचान हो जाए तो इसका उपचार न केवल सरल होता है, बल्कि मरीज के स्वस्थ होने की संभावना भी काफी अधिक रहती है।  विशेषज्ञों ने महिलाओं से अपील की है कि वे नियमित स्वास्थ्य जांच को प्राथमिकता दें और किसी भी लक्षण को नजरअंदाज न करें। समय पर जांच और सही जानकारी के माध्यम से सर्वाइकल कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से बचाव संभव है।

लखनऊ | 20 जनवरी 2026  ;  उत्तर प्रदेश में शहरी क्षेत्रों में उन्नत स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध होने के बावजूद सर्वाइकल कैंसर की समय पर पहचान न हो पाना एक गंभीर जनस्वास्थ्य समस्या के रूप में सामने आ रहा है। मैक्स सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल, लखनऊ के विशेषज्ञ डॉक्टरों ने इसे चिंताजनक बताते हुए महिलाओं में जागरूकता की कमी को इसका मुख्य कारण बताया है।

मैक्स सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल, लखनऊ में गायनेकोलॉजिकल ऑन्को-सर्जरी की कंसल्टेंट डॉ. चंद्रिमा रे ने कहा कि जानकारी के अभाव, डर और कई तरह की भ्रांतियों के कारण महिलाएं समय रहते जांच नहीं करवा पातीं। उन्होंने बताया,“आज लखनऊ जैसे शहरों में भी बड़ी संख्या में महिलाएं नियमित सर्वाइकल कैंसर स्क्रीनिंग से दूरी बनाए रखती हैं। पैप स्मीयर जांच को लेकर दर्द या असहजता की गलत धारणा फैली हुई है, जबकि यह जांच सामान्य और सुरक्षित होती है।”

डॉ. रे के अनुसार, मानसिक संकोच और आर्थिक बोझ की आशंका भी जांच में देरी का बड़ा कारण बनती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रारंभिक अवस्था में सर्वाइकल कैंसर की पहचान हो जाए तो इसका उपचार न केवल सरल होता है, बल्कि मरीज के स्वस्थ होने की संभावना भी काफी अधिक रहती है। विशेषज्ञों ने महिलाओं से अपील की है कि वे नियमित स्वास्थ्य जांच को प्राथमिकता दें और किसी भी लक्षण को नजरअंदाज न करें। समय पर जांच और सही जानकारी के माध्यम से सर्वाइकल कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से बचाव संभव है।

Tags