नन्ही अन्वीक्षा ने 'बेटियों' पर दी ऐसी प्रस्तुति कि पूरा पंडाल उठा झूम, 5 साल की उम्र में जीता सबका दिल

Little Anveeksha gave such a presentation on 'Daughters' that the whole pandal went up in cheers, won everyone's heart at the age of 5
 
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बलरामपुर | 7 अप्रैल, 2026: लगभग दो दशकों के बाद आयोजित 'बलरामपुर महोत्सव' की सांस्कृतिक संध्याओं में एक से बढ़कर एक नामचीन कलाकारों ने अपनी कला का प्रदर्शन किया, लेकिन सोमवार की शाम एक 5 वर्षीय नन्ही बालिका ने अपनी मासूमियत और अद्भुत नृत्य कौशल से पूरी महफिल लूट ली

बेटियों' गीत पर भावुक कर देने वाली प्रस्तुति

महज 5 साल की अन्वीक्षा सिंह ने जब मंच पर 'बेटियों' आधारित गीत पर थिरकना शुरू किया, तो वहां मौजूद हर शख्स मंत्रमुग्ध हो गया। अन्वीक्षा के सधे हुए स्टेप्स और चेहरे के हाव-भाव देखकर दर्शकों ने खड़े होकर (Standing Ovation) तालियों की गड़गड़ाहट के साथ इस नन्ही कलाकार का उत्साहवर्धन किया। उसकी प्रस्तुति ने न केवल मनोरंजन किया, बल्कि 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ' के संदेश को भी गहराई से जीवंत कर दिया।

जिलाधिकारी ने किया सम्मानित

अन्वीक्षा की इस प्रतिभा को देखते हुए जिलाधिकारी डॉ. विपिन कुमार जैन ने स्वयं उसे मंच पर बुलाकर सम्मानित किया। जिलाधिकारी ने उसे आशीर्वाद देते हुए उसके उज्ज्वल भविष्य की कामना की और कहा कि बलरामपुर की मिट्टी में छिपी ऐसी नन्ही प्रतिभाओं को बड़ा मंच देना ही इस महोत्सव का असली उद्देश्य है।

पिता का गौरव

अन्वीक्षा के पिता सौरभ सिंह ने इस अवसर पर खुशी जाहिर करते हुए बताया कि अन्वीक्षा को बचपन से ही नृत्य का बेहद शौक है। वह संगीत की धुन सुनते ही थिरकने लगती है। बलरामपुर महोत्सव जैसे प्रतिष्ठित मंच पर उसे जो सम्मान मिला है, वह उनके परिवार के लिए गौरव का विषय है।

महोत्सव का आकर्षण

बलरामपुर महोत्सव अपनी भव्यता के साथ-साथ स्थानीय प्रतिभाओं को निखारने का केंद्र बन गया है। अन्वीक्षा जैसी नन्ही कलाकारों की उपस्थिति ने इस आयोजन को और भी यादगार बना दिया है।

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