लखनऊ: विवेक खंड-2 जन कल्याण समिति की बैठक में गूंजे नागरिक मुद्दे; जलकल, एलडीए और नगर निगम के खिलाफ रणनीति तैयार

Lucknow: Civic issues took center stage at the Vivek Khand-2 Jan Kalyan Samiti meeting; strategy formulated against the Water Works Department, LDA, and the Municipal Corporation.
 

लखनऊ, 12 जुलाई 2026: गोमतीनगर के विवेक खंड-2 जन कल्याण समिति की एक अत्यंत महत्वपूर्ण और आवश्यक कार्यकारिणी सभा आज समिति के अध्यक्ष श्री राम अवतार अग्रवाल के निजी निवास (2/145, विवेक खंड) पर आयोजित की गई। इस उच्च स्तरीय बैठक में क्षेत्र की बुनियादी जनसमस्याओं— जैसे सफाई व्यवस्था, पेयजल संकट, खाली प्लॉटों में भरा पानी और डे-केयर सेंटर के संचालन पर गंभीर मंथन किया गया।

बैठक की शुरुआत करते हुए अध्यक्ष श्री राम अवतार अग्रवाल ने उपस्थित कार्यकारिणी के सभी सदस्यों और पदाधिकारियों का सहृदय स्वागत किया। इसके बाद गोमतीनगर जनकल्याण महासमिति के सहयोग से विगत महीनों में क्षेत्र में किए गए विकास कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई।

48 घरों को मिली राहत: चालू हुए नए पी.एन.जी. कनेक्शन

बैठक में क्षेत्रवासियों के लिए एक बड़ी राहत की खबर साझा की गई। समिति के सचिव श्री राजीव सक्सेना ने प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए बताया कि गोमतीनगर जनकल्याण महासमिति के सचिव श्री संजय निगम के विशेष और सतत प्रयासों के चलते विवेक खंड-2 क्षेत्र में लंबे समय से लंबित पड़े 48 नए पी.एन.जी. (PNG) गैस कनेक्शन सफलतापूर्वक लगवा दिए गए हैं। इस उपलब्धि पर समिति के सदस्यों ने महासमिति के प्रति आभार व्यक्त किया।

पेयजल संकट और सफाई व्यवस्था पर गहरा रोष

बैठक के दौरान क्षेत्र की लचर बुनियादी सुविधाओं को लेकर पदाधिकारियों ने गहरी चिंता और आक्रोश व्यक्त किया:

  • सफाई और कूड़ा कलेक्शन: सदस्यों ने शिकायत दर्ज कराई कि क्षेत्र के घरों से प्रतिदिन नियमित रूप से कूड़ा नहीं उठाया जा रहा है और न ही मुख्य सड़कों पर रोज झाड़ू लगाई जा रही है। सभा में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि इस लापरवाही को महासमिति के माध्यम से नगर निगम के उचित फोरम पर उठाया जाएगा और जल्द ही नगर आयुक्त से व्यक्तिगत मुलाकात कर सख्त कार्रवाई का अनुरोध किया जाएगा।

  • दूषित जलापूर्ति: विवेक खंड-2 में प्रतिदिन हो रहे पेयजल संकट पर गंभीर चर्चा हुई। बताया गया कि पड़ोसी क्षेत्र विवेक खंड-3 का ट्यूबवेल पिछले काफी समय से बंद पड़ा है, जिसके कारण विवेक खंड-2 और 3 दोनों ही क्षेत्रों में पानी का दबाव बेहद कम है और आने वाला पानी भी गंदा व दूषित है। इस समस्या के त्वरित परमानेंट इलाज के लिए महाप्रबंधक, जलकल विभाग को पत्र भेजकर तत्काल हस्तक्षेप की मांग करने का प्रस्ताव पास हुआ।

खाली प्लॉट और 'डे केयर सेंटर' को लेकर LDA से होगी आर-पार की लड़ाई

  • खाली पड़े प्लॉटों का संकट: अध्यक्ष राम अवतार अग्रवाल ने मुद्दा उठाया कि मानसून की बारिश के कारण विवेक खंड-2 के खाली पड़े निजी और सरकारी प्लॉटों में घनी घास-फूस और झाड़ियां उग आई हैं, जिससे मच्छरों का प्रकोप और जहरीले कीड़ों का खतरा बढ़ गया है। पूर्व में इन खाली प्लॉटों की एक सूची एलडीए को भेजी गई थी। इस पर महासमिति के सचिव संजय निगम ने सुझाव दिया कि मामले को सीधे उपाध्यक्ष, लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) के संज्ञान में लाकर इसका स्थायी निस्तारण कराया जाए।

  • बेकार पड़ा डे केयर सेंटर: समिति के कोषाध्यक्ष श्री युसूफ अली ने एक बेहद गंभीर विषय की ओर ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने बताया कि देश के रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह के संरक्षण और CSIR निधि के करोड़ों रुपये की लागत से निर्मित विवेक खंड-2 का भव्य 'डे केयर सेंटर/कल्याण मंडपम' अपने उद्घाटन के लंबे समय बाद भी पूर्ण रूप से संचालित नहीं किया जा सका है। इसका सीधा नुकसान क्षेत्र के बुजुर्गों और स्थानीय जनता को हो रहा है, जिससे निवासियों में भारी रोष है। समिति ने निर्णय लिया कि इस सेंटर को अविलंब शुरू कराने के लिए एलडीए (LDA) के शीर्ष अधिकारियों से मिलकर आवश्यक कानूनी व प्रशासनिक कार्यवाही की जाएगी।

निष्क्रिय पदाधिकारियों पर गिरी गाज, जिम्मेदारी में बदलाव

संगठन को जमीनी स्तर पर सक्रिय और जवाबदेह बनाने के लिए बैठक में एक कड़ा और बड़ा सांगठनिक फैसला लिया गया। समिति के ऐसे पदाधिकारी जो जनहित के कार्यों में अपने दायित्वों का निर्वहन ठीक से नहीं कर रहे हैं, या बिना किसी उचित और पूर्व सूचना के लगातार बैठकों से अनुपस्थित चल रहे हैं, उन्हें उनके पदों से मुक्त करने का निर्णय लिया गया। सर्वसम्मति से तय हुआ कि उनके इन दायित्वों को समिति के अन्य सक्रिय, सक्षम और इच्छुक पदाधिकारियों को उनकी सहमति के अनुसार प्रतिनिधानित (सौंपा) किया जाएगा।

सभा के समापन पर सचिव श्री राजीव सक्सेना और अध्यक्ष श्री राम अवतार अग्रवाल ने सभी उपस्थित सदस्यों को उनके बहुमूल्य, रचनात्मक सुझावों और सक्रिय सहभागिता के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया।

Tags