Lucknow News: सफेद बारादरी में 'कॉटन एंड सिल्क फैब 2026' का आगाज; विधायक अमरेश कुमार ने किया उद्घाटन, बुनकरों के हुनर से सजी राजधानी
100 से अधिक मास्टर बुनकरों का संगम
इस प्रदर्शनी की सबसे बड़ी खासियत यहाँ मौजूद विविधता है। देश के विभिन्न कोनों से आए 100 से अधिक अनुभवी मास्टर बुनकरों ने अपने हाथ से तैयार किए गए बेहतरीन उत्पादों का स्टॉल लगाया है।
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पारंपरिक साड़ियाँ: यहाँ बनारसी, चंदेरी, कांजीवरम और टसर सिल्क का ऐसा संग्रह है जो देखते ही बनता है।
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विशेष आकर्षण: कश्मीरी प्योर क्रेप और 'प्योर सिल्क मार्क' से प्रमाणित साड़ियाँ ग्राहकों की पहली पसंद बनी हुई हैं। पारंपरिक परिधानों के साथ-साथ आधुनिक फैशन के अनुरूप डिजाइन किए गए वस्त्र भी युवाओं को आकर्षित कर रहे हैं।
सीधे बुनकरों से खरीदारी का मौका
आयोजक मानस आचार्य और जावेद मकसूद ने बताया कि इस प्रदर्शनी का मुख्य उद्देश्य बिचौलियों को हटाकर देश के बुनकरों को एक सशक्त मंच प्रदान करना है।ऐसी प्रदर्शनियों के माध्यम से भारतीय हस्तकरघा (Handloom) उद्योग को संजीवनी मिलती है। ग्राहक सीधे उन हाथों से संवाद कर पा रहे हैं जिन्होंने इन वस्त्रों को बुना है। इससे न केवल बुनकरों को उचित दाम मिलता है, बल्कि ग्राहकों को भी शुद्ध और उच्च गुणवत्ता वाले उत्पाद प्राप्त होते हैं।"
शहरवासियों के लिए खास अवसरiii
सफेद बारादरी का ऐतिहासिक परिसर इस समय रंग-बिरंगे रेशम और सूती वस्त्रों की चमक से सराबोर है। आयोजकों ने लखनऊ वासियों से अपील की है कि वे इस प्रदर्शनी में आकर भारतीय सिल्क की समृद्ध विरासत का हिस्सा बनें और स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा दें।

