भारी बारिश के बीच उत्साह से शुरू हुआ ‘मेधा संवर्धन 2026’, केकेसी में युवा सांस्कृतिक प्रतियोगिता का शुभारंभ
प्रो. अश्विनी कुमार मिश्रा ने कहा—ज्ञान का उपयोग चरित्र निर्माण और विज्ञान का उद्देश्य मानवता की सेवा होना चाहिए; प्राचार्य प्रो. केके शुक्ल ने प्रतिभागियों का बढ़ाया उत्साह
लखनऊ, 30 अक्टूबर। श्री जय नारायण मिश्र महाविद्यालय (केकेसी), लखनऊ में 24वीं वार्षिक युवा सांस्कृतिक प्रतियोगिता ‘मेधा संवर्धन 2026’ का शुक्रवार को शुभारंभ हुआ। कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्य अतिथि प्रो. अश्विनी कुमार मिश्रा, क्षेत्रीय निदेशक, उच्च शिक्षा, लखनऊ ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। भारी बारिश के बावजूद छात्र-छात्राओं में प्रतियोगिताओं को लेकर खासा उत्साह देखने को मिला।

मुख्य अतिथि प्रो. अश्विनी कुमार मिश्रा ने कहा कि महाविद्यालय विद्यार्थियों को ज्ञान, कला, विज्ञान, तकनीक और कौशल के विभिन्न क्षेत्रों में आगे बढ़ने के अवसर प्रदान करते हैं। ज्ञान का वास्तविक उपयोग चरित्र निर्माण में होना चाहिए। राजनीति में नैतिकता और विज्ञान में मानवता की सेवा का भाव आवश्यक है।

उन्होंने विद्यार्थियों और शिक्षकों से आग्रह किया कि वे छात्रों के भीतर निरंतर प्रेरणा और सकारात्मक सोच विकसित करें। विद्यार्थियों को उनकी क्षमताओं का अहसास कराते हुए उन्हें बड़े लक्ष्य निर्धारित करने के लिए प्रोत्साहित किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि सकारात्मक वातावरण और प्रेरक शब्द विद्यार्थियों के भीतर अच्छी भावनाओं और आत्मविश्वास का संचार करते हैं। विद्यार्थियों को हमेशा नए लक्ष्य बनाने और उन्हें हासिल करने के लिए प्रयासरत रहना चाहिए।

प्रो. मिश्रा ने छात्र-छात्राओं से मानवीय मूल्यों के प्रति सजग रहने और परोपकार की भावना के साथ कार्य करने का आह्वान किया। महाविद्यालय सांस्कृतिक समिति की संयोजक प्रो. अलका शर्मा ने दो दिवसीय आयोजन की रूपरेखा प्रस्तुत की। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. के.के. शुक्ल ने सभी प्रतिभागियों को शुभकामनाएं देते हुए उनके सफल प्रदर्शन की कामना की। उन्होंने कहा कि परिस्थितियां कितनी भी प्रतिकूल क्यों न हों, व्यक्ति को अपने लक्ष्य और मार्ग पर दृढ़ रहना चाहिए।

प्राचार्य ने भारी वर्षा के बीच भी प्रतियोगिताओं में भाग लेने पहुंचे विद्यार्थियों के उत्साह की सराहना की। उन्होंने कहा कि मौसम की प्रतिकूलता भी छात्र-छात्राओं के जोश और सहभागिता को कम नहीं कर सकी। विद्यार्थी देर शाम तक आयोजित प्रतियोगिताओं में उत्साहपूर्वक शामिल रहे।

दो दिवसीय ‘मेधा संवर्धन 2026’ के अंतर्गत स्टॉल डेकोरेशन, वाद-विवाद, पेंटिंग, कहानी लेखन, एकल गायन, क्विज, शॉर्ट फिल्म एवं डॉक्यूमेंट्री, भारतीय परिधान उत्सव, मटकी सजावट और स्वरचित काव्य सहित विभिन्न सांस्कृतिक एवं रचनात्मक प्रतियोगिताएं आयोजित की जा रही हैं।

कार्यक्रम के प्रारंभ में पल्लवी और उनके साथियों ने स्वागत गीत प्रस्तुत किया। वहीं छात्रा एशनी ने गणेश वंदना पर मनमोहक नृत्य प्रस्तुत कर उपस्थित लोगों का मन मोह लिया। कार्यक्रम का संचालन डॉ. गिरिजेश त्रिपाठी ने किया। इस अवसर पर प्रो. नलिन रंजन सिंह, प्रो. एस.सी. हजेला, प्रो. एस.पी. शुक्ला सहित महाविद्यालय के अनेक शिक्षक और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
