रामजानकी प्राण प्रतिष्ठा दिवस पर हनुमानगढ़ी मंदिर में पांच दिवसीय मानस प्रवचन का समापन, विशाल भंडारा आयोजित
कार्यक्रम का शुभारंभ शक्तिपीठ देवीपाटन मंदिर के पीठाधीश्वर महंत योगी मिथिलेश नाथ जी महाराज द्वारा विधिवत पूजा-अर्चना के साथ किया गया। इस अवसर पर उन्होंने श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए कहा कि धर्म तोड़ने का नहीं, बल्कि जोड़ने का संदेश देता है। धर्म के माध्यम से ही मनुष्य को अच्छाई और बुराई का बोध होता है। उन्होंने समाज को एकजुट रखने पर बल देते हुए कहा कि अपनी क्षमता के अनुसार पीड़ित एवं जरूरतमंदों की सहायता करना ही सच्ची समाजसेवा है।

मंदिर के उत्तराधिकारी महंत महेंद्र दास ने हवन-पूजन कर कई दिनों से चल रही श्रीमद्भागवत कथा का समापन कराया। उन्होंने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा के श्रवण से भक्तों का मन निर्मल होता है तथा धर्म और अधर्म के बीच का अंतर स्पष्ट होता है। कथा एवं हवन के पश्चात संपूर्ण वातावरण भक्तिमय हो उठा।

हवन की पूर्णाहुति के उपरांत सायं चार बजे से विशाल भंडारे का शुभारंभ हुआ। भंडारे में सदर जिलाध्यक्ष रवि मिश्र, विधायक पल्टूराम, उतरौला विधायक राम प्रताप वर्मा, चेयरमैन डॉ. धीरेन्द्र प्रताप सिंह ‘धीरू’, ब्लॉक प्रमुख राकेश तिवारी, प्रवीण सिंह ‘बिक्की’, पंकज सिंह, पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष प्रदीप सिंह, जिला मीडिया प्रभारी डी.पी. सिंह बैस, जिला उपाध्यक्ष बृजेन्द्र तिवारी, पनव शुक्ल सहित अनेक गणमान्य नागरिकों ने सहभागिता की। कार्यक्रम के दौरान पूरे क्षेत्र में श्रद्धा, भक्ति और सेवा का वातावरण बना रहा तथा बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भंडारे में प्रसाद ग्रहण किया।
