पीयूष सिंह चौहान बने अयोध्या प्रीमियर लीग के उपाध्यक्ष
Piyush Singh Chauhan became the Vice President of Ayodhya Premier League.
Sat, 8 Nov 2025
लखनऊ। अयोध्या प्रीमियर लीग (एपीएल) आयोजन समिति व उत्तर प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन ने एसआर ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूट के उपाध्यक्ष पीयूष सिंह चौहान को एपीएल का उपाध्यक्ष नियुक्त किया है। आगामी 9 नवंबर से अयोध्या के बीआर अम्बेडकर स्टेडियम में शुरू हो रही इस लीग में कुल आठ टीमें प्रतिभाग कर रही हैं। प्रत्येक टीम में लगभग 30 खिलाड़ी शामिल होंगे और सभी मुकाबले 20 ओवर के प्रारूप में खेले जाएंगे।
नवनियुक्त उपाध्यक्ष पीयूष सिंह चौहान ने बताया कि इस लीग की सबसे विशेष बात यह है कि सभी टीमों के नाम उत्तर प्रदेश की प्रमुख आठ नदियों पर आधारित हैं। इनमें शामिल हैं — गोमती थंडर, गंगा वॉरियर्स, हिडेन टाइटंस, मनोरमा मार्बल्स, सरयू स्मेशर्स, यमुना सुपर किंग्स, चंबल चार्जर्स और बेतवा ब्लास्टर्स। उन्होंने कहा कि यह आयोजन न केवल खेल के माध्यम से प्रतिभा को मंच देगा, बल्कि प्रदेश के युवाओं में क्रिकेट के प्रति उत्साह और पेशेवर अवसरों को भी विस्तार देगा।
उन्होंने बताया कि ज्ञानेंद्र पाण्डेय, अक्षदीप नाथ सहित कई राष्ट्रीय/अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खेल चुके खिलाड़ी इस आयोजन से जुड़े हैं। मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम की नगरी अयोध्या में पहली बार इस प्रकार का बड़ा टी-20 प्रारूप आयोजन, यूपीसीए और जिला क्रिकेट संघ के सहयोग से आयोजित किया जा रहा है, जो प्रदेश के क्रिकेट इतिहास के लिए गौरवपूर्ण पहल है।
एपीएल निदेशक बलदेव श्रीवास्तव ने कहा कि पीयूष सिंह चौहान को उपाध्यक्ष नियुक्त किया जाना आयोजन समिति के लिए महत्वपूर्ण निर्णय है। युवा सशक्तिकरण, शिक्षा और सामाजिक विकास के क्षेत्र में उनके योगदान को देखते हुए समिति ने यह दायित्व सर्वसम्मति से उन्हें सौंपा है। उन्होंने यह भी बताया कि पीयूष सिंह चौहान पूर्व में कलारीपयट्टू एसोसिएशन और अमेच्योर सॉफ्ट टेनिस एसोसिएशन उत्तर प्रदेश के उपाध्यक्ष के रूप में भी कार्यरत रहे हैं।
इस लीग के सभी मैच डी.डी. स्पोर्ट्स व प्रसार भारती पर लाइव प्रसारित किए जाएंगे। विजेता टीम को 11 लाख रुपये तथा उपविजेता को 5.50 लाख रुपये का पुरस्कार प्रदान किया जाएगा। खिलाड़ियों की प्रैक्टिस सेशन की तैयारी एसआर इंस्टीट्यूट ग्राउंड, लखनऊ में जारी है। आयोजन समिति के अनुसार सरकार व यूपीसीए का सहयोग इस लीग के भविष्य को मजबूत करेगा और इसे प्रदेश के बड़े खेल आंदोलन के रूप में स्थापित करेगा।
