‘भारत बौद्धिक्स 2.0’ राष्ट्रीय परीक्षा के लिए पंजीकरण की अंतिम तिथि बढ़ी, अब 5 नवंबर तक मिलेगा मौका
उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने विद्यार्थियों से अधिक से अधिक संख्या में पंजीकरण कराने की अपील की
अब तक 1.60 लाख से अधिक छात्र करा चुके हैं रजिस्ट्रेशन, 21 नवंबर को प्रदेशभर में होगी परीक्षा
लखनऊ, नवंबर 2026। भारतीय ज्ञान परंपरा (IKS) पर आधारित अखिल भारतीय ‘भारत बौद्धिक्स 2.0 नेशनल एग्जामिनेशन-2026’ में पंजीकरण की अंतिम तिथि बढ़ाकर 5 नवंबर कर दी गई है। प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने मंगलवार को लखनऊ स्थित अपने आवास से आयोजित उच्चस्तरीय वर्चुअल बैठक में परीक्षा की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने प्रदेश के सभी राज्य, निजी और केंद्रीय विश्वविद्यालयों के कुलपतियों, कुलसचिवों, परीक्षा नियंत्रकों, प्राचार्यों तथा क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारियों से विद्यार्थियों को अधिक से अधिक संख्या में पंजीकरण के लिए प्रेरित करने की अपील की।
मंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश इस राष्ट्रीय ज्ञान प्रतियोगिता में विद्यार्थियों की सहभागिता का नया कीर्तिमान स्थापित करने की दिशा में प्रयास करे। उन्होंने विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों को निर्देश दिए कि पंजीकरण की बढ़ाई गई अवधि में विशेष अभियान चलाकर अधिक से अधिक छात्र-छात्राओं को इससे जोड़ें।
बैठक में बताया गया कि अब तक प्रदेश के विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों के 1 लाख 60 हजार से अधिक विद्यार्थी पंजीकरण करा चुके हैं। योगेंद्र उपाध्याय ने कहा कि प्रदेश में उच्च शिक्षा के अंतर्गत बड़ी संख्या में विद्यार्थी अध्ययनरत हैं, इसलिए इस अभियान को व्यापक स्तर तक पहुंचाने की संभावनाएं हैं। उन्होंने कुलपतियों और प्राचार्यों से प्राध्यापकों एवं नोडल अधिकारियों की सक्रिय टीमें गठित कर कक्षाओं तक पहुंचने और विद्यार्थियों को परीक्षा में शामिल होने के लिए प्रोत्साहित करने को कहा।
उच्च शिक्षा मंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुरूप यह परीक्षा केवल एक प्रतियोगिता नहीं, बल्कि नई पीढ़ी को भारत के गौरवशाली अतीत, दर्शन, विज्ञान, कला और बौद्धिक विरासत से जोड़ने का प्रयास है। इसका उद्देश्य भारतीय ज्ञान परंपरा को आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाने के साथ प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करना भी है।
कुलसचिव होंगे नोडल अधिकारी, परीक्षा नियंत्रकों को सौंपी जिम्मेदारी
परीक्षा के निष्पक्ष और पारदर्शी संचालन के लिए मंत्री ने सभी विश्वविद्यालयों के कुलसचिवों को विश्वविद्यालय स्तरीय नोडल अधिकारी तथा परीक्षा नियंत्रकों को विश्वविद्यालय स्तरीय परीक्षा नियंत्रक नामित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि परीक्षा नियंत्रक प्रश्नपत्रों की गोपनीयता, सुरक्षित संग्रहण, परीक्षा केंद्रों तक समयबद्ध वितरण, केंद्रों पर अनुशासन और उत्तर पुस्तिकाओं के संकलन एवं मूल्यांकन की व्यवस्था सुनिश्चित करेंगे। आवश्यकता पड़ने पर स्थानीय स्तर पर जिला प्रशासन से भी समन्वय स्थापित किया जाएगा।
21 नवंबर को दो घंटे की ऑफलाइन परीक्षा
परीक्षा आगामी 21 नवंबर 2026 को सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक ऑफलाइन माध्यम से आयोजित होगी। इसमें कला, विज्ञान, वाणिज्य और सामाजिक विज्ञान विषयों के स्नातक एवं स्नातकोत्तर स्तर के विद्यार्थी भाग ले सकेंगे। परीक्षा से संबंधित दिशा-निर्देश और पाठ्यक्रम आधिकारिक पोर्टल bharatboudhiks.com पर उपलब्ध हैं।
त्रि-स्तरीय मूल्यांकन से होगा मेधावियों का चयन
परीक्षा के बाद त्रि-स्तरीय पारदर्शी मूल्यांकन प्रक्रिया अपनाई जाएगी। राष्ट्रीय स्तर पर चयनित प्रतिभागियों को इस प्रकार पुरस्कार दिए जाएंगे:
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प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थी को 1 लाख रुपये।
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द्वितीय स्थान पर रहने वाले दो विद्यार्थियों को 50-50 हजार रुपये।
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तृतीय स्थान पर चयनित चार विद्यार्थियों को 25-25 हजार रुपये।
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300 विद्यार्थियों को 2,500-2,500 रुपये के सांत्वना पुरस्कार।
मंत्री ने विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों से निर्धारित समयसीमा के भीतर पंजीकरण अभियान को गति देने तथा परीक्षा के सफल आयोजन के लिए समन्वित प्रयास करने का आह्वान किया।
