झज्जर में गूंजा 'व्यापारी एकता' का नारा: संयुक्त उद्योग व्यापार मंडल की राष्ट्रीय अध्यक्ष गीता गुप्ता ने भरी हुंकार
लक्ष्य: हर प्रदेश में सशक्त व्यापारिक नेटवर्क
बैठक को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष गीता गुप्ता ने संगठन के विस्तार की रूपरेखा साझा की। उन्होंने कहा कि संयुक्त उद्योग व्यापार मंडल का लक्ष्य केवल सदस्यता बढ़ाना नहीं, बल्कि भारत के प्रत्येक प्रदेश में एक सशक्त और सक्रिय टीम का गठन करना है।
उन्होंने जोर देकर कहा देश के हर कोने का व्यापारी अब एक ही मंच और एक ही बैनर— संयुक्त उद्योग व्यापार मंडल के तहत संगठित होगा। जब हम एक स्वर में बोलेंगे, तभी हमारी आवाज़ शासन और प्रशासन तक प्रभावी रूप से पहुँचेगी और हमारी समस्याओं का समाधान होगा।"

व्यापारियों की समस्याओं पर प्रहार
संगठन के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रानू सिंह ने वर्तमान व्यापारिक परिदृश्य में आ रही चुनौतियों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने व्यापारियों को संबोधित करते हुए कहा कि आज व्यापार जगत कई मोर्चों पर संघर्ष कर रहा है, जिसमें मुख्य रूप से:
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जीएसटी (GST): नियमों और प्रक्रियाओं से जुड़ी जटिलताएं।
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वित्तीय बाधाएं: उद्योगों और व्यापार के लिए लोन प्राप्त करने में आने वाली कठिनाइयाँ।
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प्रशासनिक अड़चनें: मनमानी कर वसूली और अन्य विभागीय परेशानियां।
रानू सिंह ने व्यापारियों को आश्वस्त किया कि संगठन हर संकट की घड़ी में उनके साथ मजबूती से खड़ा है और इन समस्याओं के निराकरण के लिए निरंतर तत्पर रहेगा।
एकता ही सबसे बड़ी ताकत
बैठक के समापन पर गीता गुप्ता ने व्यापारियों से आह्वान किया कि वे अपनी शक्ति को पहचानें। उन्होंने स्पष्ट किया कि संगठन का मूल उद्देश्य व्यापारियों को न्याय दिलाना और उनके स्वाभिमान की रक्षा करना है। बैठक का समापन “व्यापारी एकता जिंदाबाद” के नारों के साथ हुआ
