देवा शरीफ़ में रूहानी महफ़िल: काशान-ए-वारिस की कव्वाली में उमड़ा अक़ीदतमंदों का सैलाब, मुल्क में अमन-चैन के लिए उठीं हाथ
मजार-ए-अकदस पर चादरपोशी और मुल्क के लिए दुआएँ
रूहानी महफ़िल का आग़ाज़ मजार-ए-अकदस पर सैकड़ों अकीदत की चादरें पेश करने के साथ हुआ. इस दौरान देश के विभिन्न राज्यों से आए जायरीनों ने हज़रत वारिस अली शाह की बारगाह में सिर झुकाकर मुल्क की सलामती, अमन-ओ-अमान, आपसी भाईचारे, तरक़्क्की और खुशहाली के लिए ख़ास दुआएँ कीं.
देर रात तक चली इस महफ़िल में सूफ़ियाना कव्वालियों और नूरानी कलाम ने पूरी फ़िज़ा को आध्यात्मिक रंग में रंग दिया. पूरा दरगाह परिसर "या वारिस" की सदाओं से गूँजता रहा, जिसने वहाँ मौजूद हर शख़्स को एक असीम मानसिक शांति और रूहानी सुकून से सराबोर कर दिया. यह आयोजन क्षेत्र की गंगा-जमुनी तहज़ीब और सूफीवाद की अनूठी मिसाल बनकर उभरा.
कई गणमान्य हस्तियों ने दर्ज कराई उपस्थिति
इस पावन और मुकद्दस अवसर पर राजनीति, समाज और पत्रकारिता जगत से जुड़ी कई प्रमुख हस्तियों ने अपनी गरिमामी उपस्थिति दर्ज कराई, जिनमें मुख्य रूप से शामिल रहे:
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जमाल सिद्दीकी: राष्ट्रीय अध्यक्ष, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) अल्पसंख्यक मोर्चा.
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फरहा रिज़वी: मंत्री, अवध प्रांत.
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सय्यद फैजी: भाजपा नेता एवं पूर्व मुतवल्ली.
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अन्य नेता: विधायक प्रत्याशी नईम अहमद, चेयरमैन शहंशाह हुसैन, लल्लू भाई, रज्जन खान और मुबारक हुसैन.
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पत्रकार दीर्घा: पत्रकार संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष अज़ीज़ सिद्दीकी, महामंत्री अब्दुल वहीद, सद्भावना न्यूज़ के संपादक मंसूर अली तथा मान्यता प्राप्त पत्रकार परवेज़ अख़्तर ने भी शिरकत कर कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई.
उत्कृष्ट व्यवस्था और अतिथियों का सम्मान
पूरे आयोजन को सुव्यवस्थित और अनुशासित ढंग से संपन्न कराने में काशान-ए-वारिस समिति की भूमिका सराहनीय रही. संस्था के अध्यक्ष अरशद मुर्तुजा वारसी के नेतृत्व में महासचिव मोहम्मद इमरान, कोषाध्यक्ष गुड्डी, हसन वारसी, हुसैन वारसी, अब्दुल्ला वारसी, मोहसिन अहमद और सुदीप संदीप सहित सभी वालंटियर्स ने पूरी लगन और ख़ुलूस के साथ व्यवस्थाओं को संभाला.
कार्यक्रम के दौरान आए हुए जायरीनों के लिए उम्दा और लज़ीज़ व्यंजनों के साथ 'तबर्रुक' का भी विशेष प्रबंध किया गया था. इस मुकद्दस मौक़े पर अध्यक्ष अरशद मुर्तुजा वारसी ने सभी विशिष्ट अतिथियों, उलेमा, पत्रकारों और सामाजिक कार्यकर्ताओं को पारंपरिक चादर, अंगवस्त्र एवं स्मृति-चिह्न भेंट कर सम्मानित किया.


