सुरों के सरताज ने जगमगाई सांस्कृतिक संध्या — हिंदुस्तान हस्तशिल्प महोत्सव में दर्शक हुए भाव-विभोर
सुरों के सरताज’ कार्यक्रम में संगीत का जादू
सांस्कृतिक संध्या की खास प्रस्तुति ‘सुरों के सरताज’ में कलाकारों ने एक से बढ़कर एक गीतों से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया।
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देवेंद्र मैंगी ने दिल के टुकड़े-टुकड़े करके…
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हिमांशु ने जन्म-जन्म… नजर के सामने…
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सत्यम ने हर किसी को नहीं मिलता…
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पूनम, अनुराग एवं सीमा विरमानी ने आपके प्यार में हम… गाकर वातावरण को संगीत की मधुरता से भर दिया। कार्यक्रम का संचालन सीमा विरमानी ने सहज और आकर्षक अंदाज़ में किया।
एम.एम.एम. ग्रुप का मनमोहक प्रदर्शन
कार्यक्रम के अगले चरण में सुनीता राय के संयोजन में एम.एम.एम. ग्रुप सिंगर्स ने अपनी प्रतिभा का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया।
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अनुराग श्रीवास्तव ने सूरज हुआ मध्यम…
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राहुल ने कुछ ना कहो…
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संजय कुमार ने कह दूं तुम्हें… वहीं सुनील और शालू की जुगलबंदी ने दर्शकों की खूब वाहवाही बटोरी।
'गुलदास्तां' प्रस्तुति ने छुआ दिल
संध्या के समापन पर कल्याणी फाउंडेशन और केयर एजुकेशन एकेडमी द्वारा प्रस्तुत ‘गुलदास्तां’ कार्यक्रम ने सभी को भावुक कर दिया।संस्था की संयुक्त सचिव विमला द्विवेदी ने बताया कि दिव्यांग बच्चों को सही दिशा देकर उनका आत्मविश्वास बढ़ाना और स्वाभिमान को सशक्त बनाना संस्था का मुख्य उद्देश्य है।इस प्रस्तुति में विवेक, सोनिया सक्सेना, वेदांतिका श्रीवास्तव और शाश्वती चटर्जी ने अपने कौशल का शानदार प्रदर्शन किया। कार्यक्रम के दौरान महोत्सव समिति की मोनालिसा, रोली जायसवाल, मनोज सिंह चौहान और रोली सिंह सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। मंच संचालन प्रदीप शुक्ला और सह-संचालक विजय ने संभाला।



