एम.एल.के.पी.जी. कॉलेज बलरामपुर में मूल्य शिक्षा एवं जीवन कौशल प्रमाण पत्र कोर्स का समापन, छात्रों को वितरित किए गए प्रमाण पत्र

कार्यक्रम का शुभारंभ महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. जे. पी. पाण्डेय ने मां सरस्वती के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर किया। उन्होंने छात्र-छात्राओं के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए कहा कि मूल्य शिक्षा का उद्देश्य व्यक्ति में नैतिक, सामाजिक और भावनात्मक गुणों—जैसे ईमानदारी, सहानुभूति और जिम्मेदारी—का विकास करना है, ताकि छात्र जीवन के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाकर एक संतुलित और जिम्मेदार नागरिक बन सकें। उन्होंने यह भी कहा कि आध्यात्मिक एवं दार्शनिक दृष्टि से जीवन का उद्देश्य आत्मबोध, परमात्मा से एकाकार होना और मोक्ष की प्राप्ति हो सकता है।

शिक्षाशास्त्र विभागाध्यक्ष एवं प्रमाण पत्र कोर्स के संयोजक डॉ. दिनेश मौर्य ने अतिथियों एवं प्रतिभागियों का स्वागत करते हुए कहा कि इस प्रकार के सर्टिफिकेट कोर्स छात्र-छात्राओं के भविष्य निर्माण में सहायक सिद्ध होते हैं।कोर्स के समन्वयक एवं विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर लेफ्टिनेंट डॉ. देवेन्द्र कुमार चौहान ने आभार व्यक्त करते हुए कहा कि मूल्य शिक्षा और जीवन-आधारित कोर्स छात्रों में नैतिक मूल्यों, आत्म-अनुशासन और जिम्मेदार व्यवहार को विकसित कर समग्र व्यक्तित्व निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

उन्होंने बताया कि यह कोर्स न केवल अकादमिक ज्ञान देता है, बल्कि जीवन की चुनौतियों का सामना करने, सकारात्मक निर्णय लेने और समाज में सकारात्मक योगदान देने हेतु आवश्यक लाइफ स्किल्स भी प्रदान करता है।इस अवसर पर शिक्षाशास्त्र विभाग के शिक्षक डॉ. विशाल गुप्ता, प्रियंका गुप्ता सहित अनेक शिक्षकगण एवं छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
