Asia Cup 2025 ; नूरुल हसन की वापसी चोट और संघर्ष के बाद फिर से टीम में जगह
Asia Cup 2025 ; आगामी एशिया कप को लेकर प्रेस कॉन्फ्रेंस से लौटते समय बांग्लादेश के मुख्य चयनकर्ता गाज़ी अशरफ़ हुसैन ने एक अहम बात का ज़िक्र किया। उन्होंने साफ किया कि यह धारणा ग़लत है कि विकेटकीपर बल्लेबाज़ नूरुल हसन तीन साल बाद टीम में लौटे हैं। दरअसल, वे लंबे समय से उंगली की गंभीर चोट से जूझ रहे थे और इसी वजह से टीम से बाहर रहे।
अशरफ़ के मुताबिक, चोट की वजह सभी भूल चुके थे और घरेलू क्रिकेट में लगातार बेहतर प्रदर्शन करने के बावजूद नूरुल को नज़रअंदाज़ किए जाने पर सवाल उठ रहे थे।
चोट और संघर्ष की कहानी
नूरुल ने अपनी चोट के बारे में खुलासा किया कि उनकी एक उंगली में फ्रैक्चर हुआ था, जिसके चलते उन्हें दो बार सर्जरी करानी पड़ी। डॉक्टरों ने भी माना कि आमतौर पर इस तरह की चोट में ऑपरेशन की ज़रूरत नहीं होती, लेकिन उन्हें दो बार सर्जरी का सामना करना पड़ा। उन्होंने बताया, “रिहैब और सर्जरी के बाद मुझे अपनी लय पकड़ने में समय लगा। राष्ट्रीय टीम में जगह बनाए रखना आसान नहीं था, और यही मेरे लिए सबसे बड़ी चुनौती रही।”
अब पहले से ज्यादा परिपक्व
विकेटकीपर-बल्लेबाज़ का मानना है कि इस लंबे इंतज़ार ने उन्हें और परिपक्व बनाया है। ऑस्ट्रेलिया में खेले जा रहे टॉप एंड टी20 टूर्नामेंट में उन्होंने कहा, “पहले टीम में जगह मिलते ही बहुत उत्साह होता था, लेकिन अब समझ आ गया है कि असली लक्ष्य लगातार प्रदर्शन करना और टीम के लिए योगदान देना है।” उन्होंने माना कि जीवन और क्रिकेट दोनों में स्थिरता (stability) सबसे अहम है, और यही उनकी प्राथमिकता है।
आलोचना और दबाव पर प्रतिक्रिया
बांग्लादेश टीम प्रबंधन अकसर मध्यक्रम और निचले क्रम के बल्लेबाज़ों पर उंगलियां उठाता रहा है। नूरुल से भी उसी भूमिका की उम्मीद है। इस पर उन्होंने कहा, “मैंने दबाव को स्वीकार कर लिया है। यहाँ आप रोज़ सफल नहीं हो सकते। कभी 20-30 रन भी टीम के लिए अहम साबित होते हैं, लेकिन अगर एक मैच में फ्लॉप हो जाएं तो आलोचना शुरू हो जाती है। अब मैंने इसके बारे में सोचना बंद कर दिया है।”
टीम प्रबंधन का भरोसा
कप्तान लिटन दास ने नूरुल हसन और सैफ हसन का खुले दिल से स्वागत करते हुए कहा कि उन्हें प्रदर्शन साबित करने के लिए पर्याप्त मौके दिए जाएंगे। अब देखना यह होगा कि बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड और टीम मैनेजमेंट नूरुल पर कितना भरोसा और धैर्य दिखाते हैं। फिलहाल, वह 30 अगस्त से सिलहट इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में नीदरलैंड के खिलाफ होने वाली तीन मैचों की श्रृंखला में वापसी के लिए तैयार हैं।
