IND vs NZ: मिडिल ओवर्स में विकेट न मिलना पड़ा भारी, राजकोट हार पर बोले कप्तान शुभमन गिल
मिडिल ओवर्स में विकेट न मिलना बना सबसे बड़ा कारण
मैच के बाद कप्तान शुभमन गिल ने स्वीकार किया कि बीच के ओवरों में विकेट नहीं निकाल पाना टीम इंडिया के लिए सबसे बड़ा नुकसान साबित हुआ। उन्होंने कहा,अगर मिडिल ओवर्स में विकेट नहीं मिलते हैं, तो रन रोकना बेहद मुश्किल हो जाता है, भले ही हम स्कोर में 15–20 रन और जोड़ लेते।
गिल ने आगे बताया कि मिडिल ओवर्स के दौरान पांच फील्डर सर्कल के अंदर होने के बावजूद भारतीय गेंदबाज विकेट नहीं निकाल सके। उन्होंने कहाअगर इन ओवरों में विकेट नहीं मिलते, तो सेट बल्लेबाज को रोकना नामुमकिन हो जाता है।
फील्डिंग की चूक ने बढ़ाई मुश्किलें
कप्तान ने माना कि इस तरह की पिचों पर जैसे ही कोई साझेदारी जमती है, सेट बल्लेबाज के लिए बड़ी पारी खेलना आसान हो जाता है, जबकि नए बल्लेबाज के लिए शुरुआत से ही खुलकर रन बनाना कठिन होता है।शुभमन गिल ने यह भी स्वीकार किया कि पारी के शुरुआती 10–15 ओवरों में गेंद में हल्की हरकत थी, लेकिन टीम उस दौरान अपेक्षित आक्रामकता नहीं दिखा सकी।
हम शुरुआत में ज्यादा हिम्मत के साथ गेंदबाजी कर सकते थे, लेकिन ऐसा नहीं हो पाया,” गिल ने कहा।इसके अलावा कप्तान ने फील्डिंग में हुई गलतियों को भी हार की बड़ी वजह बताया। उन्होंने स्वीकार किया कि पिछले मुकाबले की तरह इस मैच में भी कुछ अहम कैच छोड़े गए, जिससे न्यूजीलैंड को मैच में वापसी का मौका मिल गया।
आगे सुधार की जरूरत
कप्तान शुभमन गिल के बयान से साफ है कि टीम इंडिया को आने वाले मुकाबलों में मिडिल ओवर्स की गेंदबाजी, विकेट लेने की रणनीति और फील्डिंग पर खास ध्यान देना होगा, ताकि 2027 वनडे वर्ल्ड कप की तैयारियों को मजबूत किया जा सके।
