Massagist Rajiv Kumar Inspirational Story : क्रिकेटर्स की मसाज करने वाले इस शख्स ने बदल दी पूरे गांव की तकदीर! आशीष नेहरा से मुलाकात ने ऐसे बदली राजीव कुमार की जिंदगी

Inspiring Story: The man who used to massage cricketers transformed his entire village's destiny! Here is how a meeting with Ashish Nehra changed Rajiv Kumar's life.
 
Massagist Rajiv Kumar Inspirational Story:

Massagist Rajiv Kumar Inspirational Story: क्रिकेट केवल मैदान पर चौके-छक्के लगाने वाले खिलाड़ियों या रणनीति बनाने वाले कोचों की ही जिंदगी नहीं बदलता, बल्कि इससे जुड़े हर उस इंसान का जीवन संवार देता है जो पर्दे के पीछे रहकर ईमानदारी से मेहनत करता है। ऐसी ही एक अद्भुत और प्रेरणादायक कहानी है टीम इंडिया के पूर्व मुख्य मैस्यूर (Masseur/मसाज एक्सपर्ट) राजीव कुमार की, जिन्होंने न सिर्फ अपने सपनों को उड़ान दी, बल्कि अपने गांव के 50 से अधिक युवाओं का भविष्य संवार दिया।

दिल्ली की बसों में धक्के खाने और महीने में महज 100 रुपये कमाने से लेकर दुनिया भर की यात्रा करने और बड़े-बड़े दिग्गजों को अपनी सेवाओं से रिकवर करने तक, राजीव कुमार का सफर किसी फिल्मी पटकथा से कम नहीं है।

 आशीष नेहरा से मुलाकात और किस्मत का बदलना

राजस्थान की जोधपुर यूनिवर्सिटी से मसाज थैरेपी में डिप्लोमा करने के बाद राजीव कुमार काम की तलाश में दिल्ली आए, जहां उन्हें शुरुआती सालों में काफी कड़ा संघर्ष करना पड़ा।

  • 2004 का टर्निंग प्वाइंट: वर्ष 2004 में उनकी मुलाकात भारत के पूर्व तेज गेंदबाज आशीष नेहरा से हुई। नेहरा ने राजीव की प्रतिभा को पहचाना और उन्हें दिल्ली रणजी टीम में मैस्यूर का काम दिलवाया।

  • IPL से इंटरनेशनल तक: दिल्ली रणजी टीम के बाद राजीव के लिए IPL, ISL (इंडियन सुपर लीग) और प्रो-कबड्डी लीग के रास्ते खुले।

  • MS Dhoni से मुलाकात: 2015 में आशीष नेहरा ने ही राजीव को तत्कालीन भारतीय कप्तान एमएस धोनी से मिलवाया। इसके बाद 2016 में राजीव कुमार की आधिकारिक तौर पर टीम इंडिया में एंट्री हुई, जहां उन्होंने लगभग 9 सालों तक मुख्य मैस्यूर के रूप में अपनी सेवाएं दीं।

"मैं आज जो भी हूं, उसमें आशीष नेहरा पाजी का सबसे बड़ा योगदान है। मेरे करियर के हर महत्वपूर्ण दरवाजे उन्होंने ही खोले।"

राजीव कुमार

 राजीव की सफलता देख गांव के 50 से अधिक युवाओं ने चुना यह पेशा

राजीव कुमार की सफलता केवल उन तक सीमित नहीं रही, बल्कि उन्होंने अपने गांव की तस्वीर बदलकर रख दी। राजीव को देखकर उनके गांव के युवाओं में भी इस पेशे को अपनाने की प्रेरणा जागी:

  • 50 से ज्यादा युवा बने एक्सपर्ट: आज उनके गांव के करीब 50 लड़के और लड़कियां मसाज थैरेपी, योग और आयुर्वेद के क्षेत्र में अपना करियर बना चुके हैं।

  • विभिन्न लीगों में सेवाएं: इनमें से कई युवा आज विभिन्न राज्यों की रणजी टीमों, IPL फ्रेंचाइजियों और राष्ट्रीय स्तर की टीमों के साथ बतौर मसाज थैरेपिस्ट काम कर रहे हैं।

 अब 'द हंड्रेड' (The Hundred) में बिखेर रहे हैं चमक

2025 में भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) के साथ कॉन्ट्रैक्ट पूरा होने के बाद राजीव कुमार अब ग्लोबल फ्रेंचाइजी क्रिकेट में व्यस्त हैं। वर्तमान में वह इंग्लैंड में आयोजित होने वाली प्रसिद्ध लीग 'द हंड्रेड' (The Hundred) की फ्रेंचाइजी सदर्न ब्रेव (Southern Brave) के साथ मुख्य मैस्यूर के रूप में जुड़े हुए हैं।राजीव कुमार की यह सफलता की कहानी इस बात का जीवंत प्रमाण है कि अगर आपके काम में निष्ठा और हुनर हो, तो सही मार्गदर्शन मिलने पर आप न केवल अपना बल्कि पूरे समाज और गांव का भाग्य बदल सकते हैं।

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