Subhadeep Ghosh New Fielding Coach Team India : श्रीलंका दौरे से पहले टीम इंडिया में बड़ा बदलाव, सुभदीप घोष बने भारतीय क्रिकेट टीम के नए फील्डिंग कोच
Subhadeep Ghosh New Fielding Coach Team India: श्रीलंका के खिलाफ आगामी दो मैचों की टेस्ट सीरीज से ठीक पहले भारतीय पुरुष क्रिकेट टीम के सपोर्ट स्टाफ में एक बड़ा बदलाव देखने को मिला है। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने पूर्व प्रथम श्रेणी क्रिकेटर सुभदीप घोष को भारतीय टीम का नया फील्डिंग कोच नियुक्त किया है।
सुभदीप घोष, टी. दिलीप की जगह लेंगे, जिनका कार्यकाल जिम्बाब्वे दौरे के बाद समाप्त हो गया था। असम और रेलवे के पूर्व विकेटकीपर-बल्लेबाज सुभदीप का कार्यकाल 15 अगस्त 2026 से गॉल में शुरू हो रही भारत-श्रीलंका टेस्ट सीरीज से प्रारंभ होगा।
घरेलू क्रिकेट से लेकर राष्ट्रीय टीम तक का सफर
शुभदीप घोष घरेलू क्रिकेट में असम और रेलवे का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं। उन्होंने अपने करियर में 17 प्रथम श्रेणी (फर्स्ट क्लास) और 17 लिस्ट-ए मैच खेले। उन्होंने 1994-95 सत्र में असम के लिए प्रथम श्रेणी क्रिकेट में पदार्पण किया और 2004-05 तक घरेलू क्रिकेट खेलते रहे। इसके अलावा वह असम क्रिकेट टीम के मुख्य कोच भी रह चुके हैं।
गौतम गंभीर के कोचिंग स्टाफ का हिस्सा
मुख्य कोच गौतम गंभीर के नेतृत्व वाले भारतीय टीम के सपोर्ट स्टाफ में अब शुभदीप घोष भी शामिल होंगे। वह बल्लेबाजी कोच सितांशु कोटक और गेंदबाजी कोच मोर्ने मोर्केल के साथ काम करेंगे। टी. दिलीप और रयान टेन डोएशेट के जाने के बाद कोचिंग स्टाफ में यह महत्वपूर्ण बदलाव माना जा रहा है।
एनसीए, इंडिया-ए और महिला टीम के साथ भी निभाई अहम भूमिका
शुभदीप घोष पिछले छह-सात वर्षों से बीसीसीआई के साथ जुड़े हुए हैं। उन्होंने राष्ट्रीय क्रिकेट अकादमी (NCA) में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाई हैं। राहुल द्रविड़ के एनसीए प्रमुख रहने के दौरान भी उन्होंने खिलाड़ियों के विकास कार्यक्रमों में सक्रिय भूमिका निभाई। इसके अलावा उन्होंने इंडिया-ए, भारतीय महिला क्रिकेट टीम तथा इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) में दिल्ली कैपिटल्स और कोलकाता नाइट राइडर्स के साथ भी काम किया है।
असम क्रिकेट एसोसिएशन ने जताया गर्व
असम क्रिकेट एसोसिएशन (ACA) ने शुभदीप घोष की नियुक्ति पर खुशी व्यक्त करते हुए कहा कि उन्होंने विभिन्न आयु वर्ग की भारतीय टीमों के साथ काम करके अपनी प्रतिभा और कोचिंग क्षमता का परिचय दिया है। एसोसिएशन ने इसे असम क्रिकेट के लिए गर्व का क्षण बताते हुए कहा कि उनकी उपलब्धि राज्य के युवा खिलाड़ियों और कोचों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी।
