विहान मल्होत्रा की घातक स्पिन से भारत ने बांग्लादेश को हराया
भारत की पारी: सूर्यवंशी–कुंडू ने संभाला मोर्चा
टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत बेहद खराब रही। कप्तान आयुष म्हात्रे और वेदांत त्रिवेदी के विकेट शुरुआती ओवरों में गिर गए। बादल छाए मौसम का फायदा उठाते हुए बांग्लादेश के गेंदबाजों ने नई गेंद से कसी हुई गेंदबाजी की।इसके बाद वैभव सूर्यवंशी और अभिज्ञान कुंडू ने पारी को संभाला। आमतौर पर आक्रामक बल्लेबाजी के लिए पहचाने जाने वाले वैभव ने परिस्थितियों के अनुसार संयम दिखाते हुए 67 गेंदों पर 72 रन बनाए, जिसमें 6 चौके और 3 छक्के शामिल थे।
दूसरे छोर पर अभिज्ञान कुंडू ने बेहद धैर्यपूर्ण पारी खेली। उन्होंने 112 गेंदों पर 80 रन बनाए और दो बार मिले जीवनदान का पूरा फायदा उठाया। कुंडू और कनिष्क चौहान के बीच 54 रन की अहम साझेदारी हुई। कनिष्क ने 28 रन की तेज पारी खेली, लेकिन उन्हें बांग्लादेश के कप्तान अजिजुल हकीम ने आउट कर इस साझेदारी को तोड़ा।
बारिश के कारण लगभग एक घंटे का खेल बाधित रहा, जिसके चलते मुकाबला 50 से घटाकर 49 ओवर प्रति टीम कर दिया गया। भारत की पारी 48.4 ओवर में 238 रन पर सिमट गई। बांग्लादेश की ओर से अल फहद ने शानदार गेंदबाजी करते हुए 38 रन देकर 5 विकेट झटके।
बांग्लादेश की पारी: जीत के करीब आकर लड़खड़ाई टीम
डीएलएस के तहत बांग्लादेश को 29 ओवर में 165 रन का लक्ष्य मिला। लक्ष्य का पीछा करते हुए बांग्लादेश ने शानदार शुरुआत की और 20 ओवर में 2 विकेट पर 102 रन बना लिए। इस समय वे डीएलएस पार स्कोर से आगे थे। रिफात बेग (37) और कप्तान अजिजुल हकीम के बीच हुई साझेदारी ने टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया, लेकिन यहीं से मुकाबले का रुख बदल गया।
विहान मल्होत्रा का स्पिन जाल
ऑफ-स्पिनर विहान मल्होत्रा ने अनुशासित गेंदबाजी करते हुए बांग्लादेश के मध्यक्रम की कमर तोड़ दी। उन्होंने कलाम सिद्दिकी, शेख परवेज जिबोन, रिजान हसन और सामिउन बासिर को आउट किया। महज 33 गेंदों में बांग्लादेश ने 5 विकेट गंवा दिए, जिससे दबाव साफ नजर आने लगा।
इसके बाद बाएं हाथ के स्पिनर खिलान पटेल ने कप्तान अजिजुल हकीम को आउट कर निर्णायक झटका दिया। हकीम ने 72 गेंदों पर 51 रन की संयमित पारी खेली थी, लेकिन डीएलएस दबाव में बड़ा शॉट खेलने के प्रयास में कैच थमा बैठे।अंततः हेनिल पटेल ने आखिरी विकेट लेकर बांग्लादेश की पारी को 28.3 ओवर में 146 रन पर समेट दिया।
